जालंधर की 70 वर्षीय ज्योति शर्मा ने पूरा किया 55 साल पुराना सपना, प्रकाशित किया पहला कविता संग्रह

‘अंतस से अनंत’ में शामिल हैं 70 से अधिक कविताएं, 15 साल की उम्र में शुरू हुआ था लेखन का सफर; बच्चों की जिम्मेदारियों के बीच भी लेखन से जुड़ी रहीं ज्योति शर्मा।

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जालंधर की 70 वर्षीय गृहिणी ज्योति शर्मा ने अपना पहला कविता संग्रह ‘Antas Se Anant’ प्रकाशित कर किशोरावस्था से संजोया सपना पूरा किया है। इस संग्रह में उनकी वर्षों की लेखन यात्रा के दौरान लिखी गई 70 से अधिक कविताएं शामिल हैं। पुस्तक का विमोचन 2 अक्टूबर को जालंधर में किया गया।

कहते हैं कि सपनों को पूरा करने की कोई उम्र नहीं होती। पंजाब के जालंधर की 70 वर्षीय ज्योति शर्मा ने इस बात को अपने जीवन से साबित किया है। उन्होंने 15 साल की उम्र में कविता लिखना शुरू किया था और अब जाकर उनका पहला कविता संग्रह ‘Antas Se Anant’ पाठकों के सामने आया है। इस पुस्तक में उनकी वर्षों की भावनाओं, अनुभवों और विचारों से जुड़ी 70 से अधिक कविताएं शामिल हैं।

ज्योति शर्मा ने 2 अक्टूबर को जालंधर में अपने पहले कविता संग्रह का विमोचन किया। लंबे समय तक लिखती रहीं, लेकिन अपनी रचनाओं को प्रकाशित कराने के बारे में गंभीरता से नहीं सोच पाईं। अब उनका यह संग्रह उनके लेखन सफर का एक महत्वपूर्ण पड़ाव बन गया है।

15 साल की उम्र में लिखी थी पहली कविता

ज्योति शर्मा ने बताया कि उन्हें बचपन से ही लिखने, खासकर कविता लिखने का शौक था। उन्होंने अपनी पहली कविता 15 साल की उम्र में लिखी थी। उस समय परिवार के लोग उन्हें समझाते थे कि अब वह बड़ी हो रही हैं और उन्हें अधिक परिपक्व व्यवहार करना चाहिए।

इस अनुभव ने उन्हें बचपन की मासूमियत और बेफिक्री के महत्व का एहसास कराया। उन्हें लगा कि बड़े होने की प्रक्रिया में इंसान को बचपन की कई खूबसूरत यादों और भावनाओं को पीछे छोड़ना पड़ता है। इसी भावना को उन्होंने अपनी पहली कविता में शब्द दिए।

कॉरपोरेट दुनिया नहीं, परिवार और लेखन को दिया समय

ज्योति शर्मा का जन्म और पालन-पोषण दिल्ली में हुआ। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक की पढ़ाई पूरी की और बाद में बिजनेस मैनेजमेंट की डिग्री हासिल की। जालंधर के उद्योगपति सुरेश शर्मा से विवाह के बाद वह शहर में बस गईं।

इसके बाद उन्होंने अपने तीन बच्चों की परवरिश और घर की जिम्मेदारियों में काफी समय बिताया। हालांकि, घरेलू जिम्मेदारियों के बीच भी कविता लिखने का उनका शौक बना रहा। वह अपने विचारों, भावनाओं और जीवन के अनुभवों को कविताओं में ढालती रहीं।

कविताएं लिखने के साथ धुनें भी बनाती थीं

ज्योति शर्मा के लिए लेखन केवल शब्दों तक सीमित नहीं रहा। वह अपनी कुछ कविताओं की धुनें भी तैयार करती थीं और उन्हें गाना पसंद करती थीं। इस तरह कविता उनके लिए अपनी भावनाओं को व्यक्त करने का एक निजी माध्यम बनी रही।

हालांकि, लंबे समय तक अपनी रचनाओं को पुस्तक के रूप में प्रकाशित कराना उनके लिए दूर की बात थी। वह लिखती रहीं, लेकिन प्रकाशन की दिशा में कदम उठाने का अवसर बाद में मिला।

बच्चों के अपने जीवन में व्यस्त होने के बाद मिला अधिक समय

ज्योति शर्मा ने बताया कि जब उनके बच्चे अपने-अपने जीवन में व्यवस्थित हो गए, तो उन्हें लेखन के लिए अधिक समय मिलने लगा। इसी दौरान वह जालंधर स्थित महिला कवियों के समूह ‘महिला काव्य मंच’ से जुड़ीं।

यह समूह हर महीने कविता सत्र आयोजित करता है, जहां कवियों को अपनी रचनाएं साझा करने और दूसरे लेखकों से जुड़ने का अवसर मिलता है। इस मंच ने ज्योति शर्मा को अपनी कविताएं लोगों के सामने पढ़ने और साहित्यिक गतिविधियों में भाग लेने का अवसर दिया।

साथी कवियों के प्रोत्साहन से प्रकाशित हुई पुस्तक

महिला काव्य मंच से जुड़ने के बाद साथी कवियों ने ज्योति शर्मा को अपनी रचनाएं प्रकाशित कराने के लिए प्रोत्साहित किया। उनके समर्थन से ज्योति शर्मा को अपनी कविताओं को पुस्तक के रूप में सामने लाने की प्रेरणा मिली।

उनका पहला संग्रह ‘Antas Se Anant’, जिसका अंग्रेजी अर्थ ‘Internal to Eternal’ दिया गया है, वर्षों से लिखी गई उनकी कविताओं का संकलन है। यह पुस्तक उनके लंबे लेखन सफर और किशोरावस्था में शुरू हुए सपने को पूरा करने की कहानी भी बयान करती है।

Key Highlights:

  • जालंधर की 70 वर्षीय ज्योति शर्मा ने अपना पहला कविता संग्रह प्रकाशित किया।

  • पुस्तक का नाम ‘Antas Se Anant’ है।

  • संग्रह में 70 से अधिक कविताएं शामिल हैं।

  • ज्योति शर्मा ने 15 साल की उम्र में पहली कविता लिखी थी।

  • उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक और बिजनेस मैनेजमेंट की पढ़ाई की।

  • वह जालंधर के महिला काव्य मंच से जुड़ीं, जहां साथी कवियों ने उन्हें प्रकाशन के लिए प्रेरित किया।

  • पुस्तक का विमोचन 2 अक्टूबर को जालंधर में हुआ।

FAQ Section:

1. ज्योति शर्मा कौन हैं?

ज्योति शर्मा जालंधर में रहने वाली 70 वर्षीय गृहिणी और कवयित्री हैं। उन्होंने हाल ही में अपना पहला कविता संग्रह प्रकाशित किया है।

2. उनकी पहली पुस्तक का नाम क्या है?

उनकी पहली पुस्तक का नाम ‘Antas Se Anant’ है, जिसका अंग्रेजी अर्थ ‘Internal to Eternal’ बताया गया है।

3. कविता संग्रह में कितनी कविताएं हैं?

इस संग्रह में 70 से अधिक कविताएं शामिल हैं, जिन्हें उन्होंने वर्षों के दौरान लिखा था।

4. ज्योति शर्मा ने कविता लिखना कब शुरू किया?

उन्होंने 15 साल की उम्र में अपनी पहली कविता लिखी थी।

5. उन्हें पुस्तक प्रकाशित करने की प्रेरणा कहां से मिली?

ज्योति शर्मा ने जालंधर के महिला काव्य मंच से जुड़ने के बाद अपनी रचनाएं साझा करना शुरू किया। साथी कवियों के प्रोत्साहन से उन्हें पुस्तक प्रकाशित कराने की प्रेरणा मिली।

Conclusion:

ज्योति शर्मा की कहानी बताती है कि जीवन की जिम्मेदारियों के बीच भी अपने शौक और सपनों को जीवित रखा जा सकता है। 15 साल की उम्र में शुरू हुआ उनका कविता लेखन का सफर 70 वर्ष की आयु में पहली पुस्तक के प्रकाशन तक पहुंचा। ‘Antas Se Anant’ उनके वर्षों के अनुभवों और भावनाओं का संकलन है, जो उनके साहित्यिक सफर में एक नई शुरुआत का प्रतीक है।Screenshot_566

Edited By: Atul Sharma

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