- Hindi News
- राज्य
- हरियाणा
- हिसार के आर्य नगर में लव मैरिज पर सामाजिक पंचायत का फैसला, ऐसे जोड़ों के बहिष्कार का ऐलान
हिसार के आर्य नगर में लव मैरिज पर सामाजिक पंचायत का फैसला, ऐसे जोड़ों के बहिष्कार का ऐलान
एक ही गांव में तीन शादियों के बाद पंचायत ने लिया फैसला, जोड़ों और उनका समर्थन करने वालों को गांव में रहने की अनुमति नहीं देने की बात
हरियाणा के हिसार जिले के आर्य नगर गांव में एक सामाजिक पंचायत ने एक ही गांव के युवक-युवती के बीच होने वाली शादी के खिलाफ प्रस्ताव पारित किया है। पंचायत ने ऐसे जोड़ों के सामाजिक बहिष्कार और उन्हें गांव में रहने की अनुमति नहीं देने की बात कही है। यह फैसला हाल में सामने आए तीन मामलों के बाद लिया गया।
हरियाणा के हिसार जिले के आर्य नगर गांव में एक सामाजिक पंचायत के फैसले से लव मैरिज को लेकर बहस तेज हो गई है। रविवार को हुई पंचायत में एक ही गांव के युवक और युवती के बीच होने वाली शादी को मौजूदा सामाजिक मान्यताओं के खिलाफ बताते हुए प्रस्ताव पारित किया गया। पंचायत के अनुसार, ऐसे विवाह करने वाले जोड़ों का सामाजिक बहिष्कार किया जाएगा और उन्हें गांव में रहने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
पंचायत ने ऐसे विवाह का समर्थन करने वाले परिवार के सदस्यों और अन्य लोगों के सामाजिक बहिष्कार की बात भी कही है। बैठक में सरपंच, पंचायत प्रतिनिधियों और कई प्रमुख ग्रामीणों के शामिल होने की जानकारी सामने आई है।
H2: तीन मामलों के बाद बुलाई गई सामाजिक पंचायतपंचायत के सदस्यों के अनुसार, गांव में हाल के महीनों में एक ही गांव के युवक-युवतियों की शादी के तीन मामले सामने आए थे। सबसे हालिया शादी कुछ दिन पहले हुई, जिसके बाद ग्रामीणों की बैठक बुलाई गई।
गांव के सरपंच रतन सिंह के अनुसार, ताजा मामले के बाद ग्रामीणों में प्रतिक्रिया हुई। शादी करने वाले दंपती ने कुछ समय हिसार शहर में जिला प्रशासन द्वारा संचालित रनअवे कपल्स के लिए सुरक्षित आवास में बिताया था।
H3: परिवार की आपत्ति के बाद हुई पंचायत
स्थानीय निवासी और भाजपा नेता हनुमान वर्मा के अनुसार, हालिया शादी के मामले में महिला के परिवार ने विवाह पर आपत्ति जताई थी। उनके मुताबिक, परिवार की आपत्ति के बाद ग्रामीणों की बैठक हुई और ऐसे विवाहों को रोकने के उद्देश्य से यह निर्णय लिया गया।
पंचायत में शामिल लोगों ने इन विवाहों को गांव की मौजूदा सामाजिक मान्यताओं के विपरीत बताते हुए युवाओं को इनके कथित सामाजिक प्रभावों के बारे में जागरूक करने की बात कही।
H2: गांव में रहने की अनुमति नहीं देने का फैसला
सामाजिक पंचायत के प्रस्ताव के अनुसार, यदि गांव का कोई युवक और युवती आपस में शादी करते हैं तो उन्हें सामाजिक बहिष्कार का सामना करना पड़ेगा। साथ ही उन्हें गांव में रहने की अनुमति नहीं देने की बात कही गई है।
पंचायत ने ऐसे जोड़ों के समर्थन में खड़े होने वाले परिजनों और अन्य लोगों को भी सामाजिक बहिष्कार के दायरे में रखने का फैसला किया है।
H2: पुलिस ने कहा- नवविवाहित जोड़े को कोई खतरा नहीं
हिसार के पुलिस अधीक्षक सिद्धांत जैन ने कहा कि नवविवाहित दंपती को फिलहाल कोई खतरा नहीं है। पुलिस के अनुसार, महिला के परिवार ने भी पुलिस को आश्वासन दिया है कि उन्हें शादी पर कोई आपत्ति नहीं है और दंपती जहां चाहे वहां रह सकता है।
यह पुलिस का आधिकारिक पक्ष है और पंचायत के सामाजिक फैसले से अलग स्थिति को दर्शाता है।
H2: फैसले पर सोशल मीडिया में भी प्रतिक्रिया
पंचायत के फैसले के बाद गांव के कुछ लोगों ने सोशल मीडिया पर भी इससे संबंधित पोस्ट साझा किए। वहीं कुछ युवाओं ने ऐसे फैसलों पर आपत्ति जताते हुए इन्हें पुरानी सामाजिक मान्यताओं से जुड़ा बताया है।
यह मामला हरियाणा में विवाह और सामाजिक मान्यताओं को लेकर चल रही व्यापक बहस के बीच सामने आया है। इससे पहले जींद जिले में भी एक खाप पंचायत ने मौजूदा सामाजिक मान्यताओं के खिलाफ होने वाले कुछ विवाहों के सामाजिक बहिष्कार का फैसला लिया था।
Key Highlights:
- हिसार के आर्य नगर गांव में सामाजिक पंचायत ने लव मैरिज के खिलाफ प्रस्ताव पारित किया।
- एक ही गांव के युवक-युवती की शादी पर सामाजिक बहिष्कार की बात कही गई।
- ऐसे जोड़ों को गांव में रहने की अनुमति नहीं देने का फैसला बताया गया।
- विवाह का समर्थन करने वाले परिजनों और अन्य लोगों को भी बहिष्कार के दायरे में रखने की बात।
- पंचायत के अनुसार, गांव में ऐसे तीन मामले सामने आने के बाद बैठक हुई।
- हालिया शादी के बाद दंपती ने कुछ समय हिसार के सुरक्षित आवास में बिताया।
- हिसार SP सिद्धांत जैन ने कहा कि नवविवाहित जोड़े को कोई खतरा नहीं है।
- कुछ युवाओं ने सोशल मीडिया पर पंचायत के फैसले पर आपत्ति जताई।
FAQ Section:
Q1. हिसार के आर्य नगर गांव में पंचायत ने क्या फैसला लिया?
सामाजिक पंचायत ने एक ही गांव के युवक-युवती के बीच होने वाली शादी के खिलाफ प्रस्ताव पारित किया और ऐसे जोड़ों के सामाजिक बहिष्कार तथा उन्हें गांव में रहने की अनुमति नहीं देने की बात कही।
Q2. पंचायत ने यह फैसला क्यों लिया?
पंचायत सदस्यों के अनुसार, गांव में हाल के महीनों में एक ही गांव के युवक-युवतियों की शादी के तीन मामले सामने आए थे। ताजा मामले के बाद ग्रामीणों ने बैठक कर भविष्य में ऐसे मामलों को रोकने का निर्णय लिया।
Q3. क्या शादी करने वाले जोड़े को पुलिस से खतरा बताया गया है?
हिसार SP सिद्धांत जैन ने कहा कि नवविवाहित जोड़े को कोई खतरा नहीं है। पुलिस के अनुसार, महिला के परिवार ने भी शादी पर आपत्ति नहीं होने की बात कही है।
Q4. क्या पंचायत के फैसले का सोशल मीडिया पर विरोध हुआ?
हां। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, कुछ युवाओं ने सोशल मीडिया पर इस फैसले पर आपत्ति जताई और इसे पुरानी सामाजिक मान्यताओं से जुड़ा बताया।
Conclusion:
हिसार के आर्य नगर गांव में एक ही गांव के युवक-युवती के बीच विवाह को लेकर सामाजिक पंचायत का फैसला सामने आया है। पंचायत ने ऐसे विवाहों को मौजूदा सामाजिक मान्यताओं के विपरीत बताते हुए सामाजिक बहिष्कार और गांव में रहने की अनुमति नहीं देने की बात कही है। दूसरी ओर, पुलिस ने नवविवाहित जोड़े को किसी खतरे से इनकार किया है। इस घटनाक्रम ने व्यक्तिगत विवाह के फैसलों और स्थानीय सामाजिक मान्यताओं के बीच जारी बहस को फिर सामने ला दिया है।
