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कानून-व्यवस्था पर अकाली दल का हमला: भगवंत मान तुरंत दें इस्तीफा
डोरंगला घटना के बाद सीएम पर नैतिक जिम्मेदारी लेने की मांग, कहा—पंजाब में संवैधानिक तंत्र पूरी तरह विफल
Shiromani Akali Dal ने पंजाब में बिगड़ती कानून-व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री Bhagwant Mann से तत्काल इस्तीफे की मांग की है। पार्टी नेता डॉ. दलजीत सिंह चीमा ने कहा कि राज्य में संवैधानिक व्यवस्था पूरी तरह विफल हो चुकी है।
Shiromani Akali Dal (एसएडी) ने आज कहा कि मुख्यमंत्री Bhagwant Mann को पंजाब में कानून-व्यवस्था की स्थिति के पूर्ण पतन और संवैधानिक तंत्र की विफलता की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए तुरंत इस्तीफा दे देना चाहिए।
Sri Anandpur Sahib में मीडिया को संबोधित करते हुए पार्टी के वरिष्ठ नेता Daljit Singh Cheema ने कहा कि गुरदासपुर जिले में पाकिस्तान से सटी अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास डोरंगला पुलिस स्टेशन के निकट एक एएसआई और हेड कांस्टेबल की गोली मारकर हत्या की हालिया घटना ने साबित कर दिया है कि अब पुलिस बल भी सुरक्षित नहीं है।
उन्होंने कहा, “आम जनता और व्यापार-उद्योग को आतंकित करने के बाद अब आतंकी संगठन पुलिस बल को चुनौती दे रहे हैं और उसके कर्मियों की हत्या कर रहे हैं। इससे पहले वे राज्य खुफिया मुख्यालय पर रॉकेट लांचर से हमला कर चुके हैं और सीमा क्षेत्र के पुलिस थानों पर ग्रेनेड फेंक चुके हैं।”
डॉ. चीमा ने कहा कि इस पूरी स्थिति के लिए भगवंत मान जिम्मेदार हैं, क्योंकि वे राज्य के गृह मंत्री भी हैं। उन्होंने कहा, “यह स्पष्ट है कि भगवंत मान गृह विभाग का नेतृत्व करने में अक्षम हैं। इस महीने ही 25 हत्याएं हो चुकी हैं, जिनमें कुछ पुलिस थानों और अदालत परिसरों के बाहर हुईं। उन्हें नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए तुरंत इस्तीफा देना चाहिए।”
डोरंगला घटना का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य पुलिस लगभग 12 घंटे तक गोलीबारी की घटना से अनभिज्ञ रही और अब तक हमलावरों का पता नहीं लगा सकी है।
अकाली नेता ने आरोप लगाया कि जहां सरकार कानून-व्यवस्था बनाए रखने में विफल रही है, वहीं किसानों, सरकारी कर्मचारियों, मीडिया और राजनीतिक विरोधियों के साथ सख्ती बरत रही है। उन्होंने कहा कि भगवंत मान ने किसानों पर आंसू गैस का इस्तेमाल कर और बिना कारण गिरफ्तारियां कर “पुलिस राज्य” बना दिया है, साथ ही मीडिया कर्मियों और विपक्षी नेताओं के खिलाफ झूठे मामले दर्ज किए जा रहे हैं।
