- Hindi News
- राज्य
- हरियाणा
- प्रॉपर्टी टैक्स पर 10% छूट का ऐलान, 31 जुलाई तक भुगतान करने पर मिलेगा लाभ
प्रॉपर्टी टैक्स पर 10% छूट का ऐलान, 31 जुलाई तक भुगतान करने पर मिलेगा लाभ
ऑनलाइन भुगतान पर अतिरिक्त 1% छूट, समय पर टैक्स जमा करने के लिए सरकार की पहल
हरियाणा सरकार ने 2026-27 के लिए प्रॉपर्टी टैक्स समय पर जमा करने वालों को 10% छूट देने का ऐलान किया है। ऑनलाइन भुगतान करने पर अतिरिक्त 1% की छूट भी मिलेगी।
नए वित्तीय वर्ष की शुरुआत में संपत्ति मालिकों को राहत देते हुए राज्य सरकार ने घोषणा की है कि जो नागरिक 31 जुलाई 2026 तक वित्तीय वर्ष 2026-27 का प्रॉपर्टी टैक्स जमा करेंगे, उन्हें 10 प्रतिशत की छूट दी जाएगी।
इस संबंध में जानकारी देते हुए करनाल नगर निगम (KMC) की आयुक्त डॉ. वैशाली शर्मा ने बताया कि यह छूट लोगों को समय पर टैक्स जमा करने के लिए प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से दी जा रही है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यह छूट डिफॉल्टर (बकायेदार) नागरिकों पर भी लागू होगी, बशर्ते वे अपना पूरा बकाया एकमुश्त जमा करें। हालांकि, यह छूट केवल चालू वित्तीय वर्ष के प्रॉपर्टी टैक्स पर ही लागू होगी और पुराने बकाया पर इसका लाभ नहीं मिलेगा।
करदाताओं की सुविधा के लिए निगम ने ऑनलाइन भुगतान की सुविधा भी शुरू की है। नागरिक property.ulbharyana.gov.in पोर्टल के माध्यम से आसानी से टैक्स जमा कर सकते हैं। ऑनलाइन भुगतान करने पर अतिरिक्त 1 प्रतिशत की छूट मिलेगी, जिससे कुल लाभ और बढ़ जाएगा।
डॉ. शर्मा ने सभी नागरिकों से अपील की कि वे अंतिम तिथि से पहले टैक्स जमा कर इस छूट का लाभ उठाएं। उन्होंने बताया कि प्रॉपर्टी टैक्स से प्राप्त राजस्व का उपयोग सड़कों, सफाई, पानी की आपूर्ति और अन्य बुनियादी सुविधाओं के विकास में किया जाता है, जिससे सीधे तौर पर नागरिकों को लाभ मिलता है।
करनाल की मेयर रेणु बाला गुप्ता ने भी लोगों से अपील की कि वे समय पर टैक्स जमा कर 10 प्रतिशत की छूट का लाभ उठाएं।
इस बीच, नगर निगम ने टैक्स वसूली को मजबूत करने के लिए विशेष अभियान भी शुरू किया है। मेयर रेणु बाला गुप्ता की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में अधिकारियों को फील्ड सर्वे, सत्यापन और निरीक्षण तेज करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने कहा कि लक्ष्य केवल टैक्स वसूली नहीं, बल्कि करनाल को हरियाणा के अग्रणी शहरों में शामिल करना है। वर्ष 2025-26 के दौरान नगर निगम ने 29.56 करोड़ रुपये की वसूली की थी।
