बांधवाड़ी लैंडफिल 120 दिनों में होगी सील, मार्च 2027 तक कचरा हटाने का लक्ष्य; गुरुग्राम-फरीदाबाद में नई व्यवस्था की तलाश

गुरुग्राम और फरीदाबाद में रोजाना 2,000 से 2,500 टन कचरा निकलता है। बांधवाड़ी में नया कचरा डालना बंद करने की तैयारी, लेकिन साइट पर अब भी 16.60 लाख टन पुराना कचरा जमा।

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गुरुग्राम और फरीदाबाद के बांधवाड़ी लैंडफिल को 120 दिनों के भीतर सील करने की योजना है। प्रशासन का लक्ष्य मार्च 2027 तक साइट से कचरा हटाना है। हालांकि, नगर निगम गुरुग्राम के NGT में दाखिल हलफनामे के अनुसार, तब तक करीब 7.2 लाख टन कचरा बचा रह सकता है। दोनों शहरों के लिए वैकल्पिक कचरा निस्तारण स्थलों की तलाश जारी है।

बांधवाड़ी लैंडफिल को सील करने की तैयारी, 120 दिनों में बंद होगा नया कचरा डालना

हरियाणा में गुरुग्राम और फरीदाबाद के कचरे के निस्तारण को लेकर बड़ा कदम उठाया जा रहा है। बांधवाड़ी लैंडफिल पर अगले 120 दिनों के भीतर नया कचरा डालना बंद करने और साइट को सील करने की योजना है। दोनों शहरों में रोजाना लगभग 2,000 से 2,500 टन कचरा निकलता है, जिसके लिए वैकल्पिक व्यवस्था तैयार की जा रही है।

बांधवाड़ी साइट पर अभी भी लगभग 16.60 लाख टन पुराना कचरा जमा है। इसे हटाने का लक्ष्य मार्च 2027 रखा गया है। हालांकि, नगर निगम गुरुग्राम (MCG) की ओर से नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) में दाखिल हलफनामे के मुताबिक, तय समयसीमा तक लगभग 7.2 लाख टन कचरा बचने की आशंका है। इसमें वैकल्पिक सुविधाएं शुरू होने से पहले जमा होने वाला नया कचरा भी शामिल हो सकता है।

MCG कमिश्नर ने मार्च 2027 की समयसीमा तय की

नगर निगम गुरुग्राम के कमिश्नर प्रदीप दहिया ने कहा कि बांधवाड़ी साइट को मार्च 2027 तक साफ करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने बताया कि यहां नया कचरा डालना बंद किया जाएगा और कुछ समय तक गुरुग्राम व फरीदाबाद में वैकल्पिक स्थानों पर कचरा भेजा जाएगा।

हालांकि, प्रस्तावित वैकल्पिक स्थलों के नाम सार्वजनिक नहीं किए गए हैं। सूत्रों के अनुसार, नई लैंडफिल और वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट स्थापित होने तक सोहना नगरपालिका क्षेत्र में अस्थायी रूप से कचरे का निस्तारण किया जा सकता है।

पुराना कचरा हटाने की रफ्तार धीमी

बांधवाड़ी में वर्षों से जमा कचरे को हटाना प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है। MCG के NGT में दाखिल हलफनामे के अनुसार, 2026 के शुरुआती आठ महीनों में संबंधित एजेंसियां केवल लगभग 3.6 लाख टन पुराने कचरे का ही प्रसंस्करण कर सकीं।

नगर निगम ने पहले इस काम को फरवरी 2028 तक पूरा करने की योजना बनाई थी। फरवरी 2025 में पुराने कचरे की बायो-माइनिंग के लिए दो कंपनियों को नियुक्त किया गया था। लेकिन प्रदर्शन संबंधी निर्धारित शर्तें पूरी नहीं करने के कारण दोनों कंपनियों के अनुबंध समाप्त कर दिए गए और उन पर कुल 9.02 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया।

2010 में शुरू हुई थी बांधवाड़ी लैंडफिल साइट

बांधवाड़ी लैंडफिल की स्थापना 2010 में अरावली क्षेत्र में लगभग 29 एकड़ की परित्यक्त खनन भूमि पर की गई थी। वर्ष 2013 में आग लगने के बाद यहां कचरा उपचार संयंत्र के रूप में कामकाज बंद हो गया, लेकिन गुरुग्राम और फरीदाबाद का कचरा लगातार यहां डाला जाता रहा।

समय के साथ कचरे का पहाड़ लगभग 40 मीटर ऊंचा हो गया है। यह स्वीकृत क्षेत्र से आगे बढ़कर वन भूमि तक फैल गया है, जिससे पर्यावरणीय चिंताएं भी बढ़ी हैं।

गुरुग्राम-फरीदाबाद के सामने कचरा प्रबंधन की चुनौती

बांधवाड़ी में नया कचरा डालना बंद करने के लिए दोनों शहरों को वैकल्पिक व्यवस्था जल्द तैयार करनी होगी। रोजाना हजारों टन कचरे के निस्तारण के लिए अस्थायी स्थल, नई लैंडफिल और वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट जैसे विकल्पों पर काम करना जरूरी है।

जब तक नई सुविधाएं पूरी तरह चालू नहीं होतीं, तब तक कचरे को दूसरी जगह भेजने की व्यवस्था पर निर्भर रहना पड़ेगा। यदि पुराना कचरा हटाने की रफ्तार अपेक्षा के अनुरूप नहीं बढ़ती, तो मार्च 2027 की समयसीमा तक पूरी साइट साफ करना मुश्किल हो सकता है।

मुख्य बातें

  • बांधवाड़ी लैंडफिल को 120 दिनों के भीतर सील करने की योजना।

  • मार्च 2027 तक साइट साफ करने का लक्ष्य।

  • साइट पर लगभग 16.60 लाख टन पुराना कचरा जमा।

  • NGT में दाखिल हलफनामे के अनुसार, मार्च 2027 तक करीब 7.2 लाख टन कचरा बच सकता है।

  • गुरुग्राम और फरीदाबाद में रोजाना 2,000 से 2,500 टन कचरा निकलता है।

  • 2026 के शुरुआती आठ महीनों में करीब 3.6 लाख टन पुराने कचरे का प्रसंस्करण हुआ।

  • दो कंपनियों के अनुबंध समाप्त कर कुल 9.02 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया।

  • कचरे का पहाड़ लगभग 40 मीटर ऊंचा होकर वन भूमि तक फैल चुका है।

FAQs

1. बांधवाड़ी लैंडफिल को कब तक सील करने की योजना है?

योजना के अनुसार, अगले 120 दिनों के भीतर साइट पर नया कचरा डालना बंद करके इसे सील किया जाना है।

2. बांधवाड़ी लैंडफिल से कचरा हटाने की समयसीमा क्या है?

साइट को साफ करने का लक्ष्य मार्च 2027 रखा गया है।

3. बांधवाड़ी में कितना पुराना कचरा जमा है?

उपलब्ध जानकारी के अनुसार, यहां लगभग 16.60 लाख टन पुराना कचरा जमा है।

4. गुरुग्राम और फरीदाबाद में रोजाना कितना कचरा निकलता है?

दोनों शहरों में मिलाकर रोजाना लगभग 2,000 से 2,500 टन कचरा निकलता है।

5. बांधवाड़ी में कचरे का निस्तारण कहां किया जाएगा?

वैकल्पिक स्थलों की तलाश जारी है। सूत्रों के अनुसार, नई लैंडफिल और वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट शुरू होने तक सोहना नगरपालिका क्षेत्र का अस्थायी तौर पर इस्तेमाल किया जा सकता है।

6. क्या मार्च 2027 तक पूरा कचरा हट जाएगा?

MCG के NGT में दाखिल हलफनामे के मुताबिक, मार्च 2027 तक लगभग 7.2 लाख टन कचरा बच सकता है। इसलिए पूरी साइट साफ होने की समयसीमा को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है।

निष्कर्ष

बांधवाड़ी लैंडफिल को सील करने की योजना गुरुग्राम और फरीदाबाद में कचरा प्रबंधन की समस्या को हल करने की दिशा में अहम कदम है। लेकिन साइट पर जमा लाखों टन पुराने कचरे, धीमी बायो-माइनिंग और वैकल्पिक सुविधाओं की जरूरत के कारण चुनौती अभी बड़ी है। मार्च 2027 का लक्ष्य हासिल करने के लिए कचरा प्रसंस्करण की रफ्तार बढ़ाने और नई व्यवस्था समय पर शुरू करने की जरूरत होगी।Screenshot_644

Edited By: Atul Sharma

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