Haryana Sikh Gurdwara Management Committee (एचएसजीएमसी) के भीतर चल रहे विवाद के बीच बुधवार को Kurukshetra में समिति के नए मुख्यालय की आधारशिला रखी गई।
इस समारोह में समिति के अध्यक्ष Jagdish Singh Jhinda, कार्यकारी सदस्य और सिख समुदाय के प्रतिनिधि मौजूद रहे, जबकि विरोधी गुट के सदस्य कार्यक्रम से दूर रहे।
झिंडा ने बताया कि मौजूदा कार्यालय में पर्याप्त जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि जिस भवन से अभी समिति का कार्यालय संचालित हो रहा है, वह पहले Shiromani Gurdwara Parbandhak Committee (एसजीपीसी) का धर्म प्रचार कार्यालय था।
उन्होंने कहा कि इस भवन में कर्मचारियों और पदाधिकारियों के लिए पर्याप्त जगह नहीं है और बैठकों व कार्यक्रमों के लिए कोई हॉल भी नहीं है। इसलिए कार्यकारिणी की बैठक में समिति का नया कार्यालय बनाने का निर्णय लिया गया।
झिंडा ने बताया कि अब समिति का मुख्यालय Gurdwara Sahib Patshahi Pehli परिसर में बनाया जाएगा। यह पवित्र स्थल Guru Nanak Dev से जुड़ा हुआ है।
उन्होंने बताया कि गुरुद्वारे के पास समिति के पास लगभग तीन एकड़ जमीन भी है, जहां श्रद्धालुओं के लिए एक नई सराय बनाई जाएगी और पार्किंग की व्यवस्था भी विकसित की जाएगी।
झिंडा ने कहा कि नया मुख्यालय बनने से न केवल पदाधिकारियों और कर्मचारियों को सुविधा मिलेगी, बल्कि राज्य के विभिन्न हिस्सों से आने वाले लोगों को भी राहत मिलेगी। उन्होंने बताया कि एक सप्ताह के भीतर भवन का नक्शा मिलने की उम्मीद है और छह महीने में निर्माण पूरा करने का प्रयास किया जाएगा।
हालांकि समिति के भीतर चल रहे विवाद को लेकर वरिष्ठ उपाध्यक्ष Gurmeet Singh ने इस कदम पर आपत्ति जताई।
उन्होंने कहा कि बजट बैठक की वैधता से जुड़ा मामला अभी Haryana Sikh Gurdwara Judicial Commission के समक्ष लंबित है।
उन्होंने कहा कि आयोग ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि उसकी अनुमति के बिना समिति कोई बड़ा पूंजीगत खर्च नहीं कर सकती, लेकिन इसके बावजूद आज मुख्यालय की आधारशिला रखी गई, जो आयोग के निर्देशों का उल्लंघन है।

