5 अगस्त को सिरसा में बड़ा किसान प्रदर्शन, BKE ने MSP, कर्ज माफी और नहर पानी समेत कई मांगों को लेकर किया आंदोलन का ऐलान

भारतीय किसान एकता के बैनर तले किसान और खेत मजदूर निकालेंगे मार्च, उपायुक्त कार्यालय पहुंचकर सरकार के नाम सौंपेंगे ज्ञापन।

On

भारतीय किसान एकता (BKE) ने 5 अगस्त को सिरसा में बड़े विरोध प्रदर्शन की घोषणा की है। संगठन ने न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की कानूनी गारंटी, कर्ज माफी, पर्याप्त नहर पानी, बिजली आपूर्ति, खाद की उपलब्धता और फसल मुआवजे सहित कई राष्ट्रीय एवं स्थानीय मांगों को लेकर आंदोलन करने का फैसला लिया है।

सिरसा में 5 अगस्त को किसानों का बड़ा प्रदर्शन, BKE ने सरकार के सामने रखीं राष्ट्रीय और स्थानीय मांगें

भारतीय किसान एकता (BKE) ने किसानों और खेत मजदूरों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर 5 अगस्त को हरियाणा के सिरसा में बड़े प्रदर्शन का ऐलान किया है। संगठन के अनुसार, इस आंदोलन में बड़ी संख्या में किसान और खेत मजदूर शामिल होंगे और जिला प्रशासन के माध्यम से सरकार को ज्ञापन सौंपा जाएगा।

शुक्रवार को आयोजित प्रेस वार्ता में BKE के प्रदेश अध्यक्ष लखविंदर सिंह औलख ने स्वतंत्रता सेनानी शहीद ऊधम सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद आंदोलन की रूपरेखा साझा की।


H2: जाट धर्मशाला से DC कार्यालय तक निकाला जाएगा मार्च

लखविंदर सिंह औलख ने बताया कि 5 अगस्त को सुबह 10:30 बजे किसान और खेत मजदूर जाट धर्मशाला में एकत्र होंगे। इसके बाद वे मार्च निकालते हुए उपायुक्त (DC) कार्यालय पहुंचेंगे।

वहां जिला प्रशासन के माध्यम से सरकार के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा, जिसमें किसानों और मजदूरों से जुड़े राष्ट्रीय एवं स्थानीय मुद्दों को प्रमुखता से उठाया जाएगा।


H2: MSP की कानूनी गारंटी और कर्ज माफी प्रमुख मांग

भारतीय किसान एकता ने अपनी राष्ट्रीय मांगों में कई महत्वपूर्ण मुद्दे शामिल किए हैं। संगठन ने मांग की है कि—

  • किसानों के लिए स्वामीनाथन आयोग के C2+50% फार्मूले के आधार पर MSP की कानूनी गारंटी लागू की जाए।
  • किसानों और खेत मजदूरों के सभी कर्ज पूरी तरह माफ किए जाएं।
  • किसानों के हितों के खिलाफ बताए गए मुक्त व्यापार समझौतों (FTA) को रद्द किया जाए।
  • बिजली संशोधन विधेयक और बीज विधेयक को वापस लिया जाए।

H2: ज्ञापन में अन्य मुद्दे भी होंगे शामिल

संगठन ने बताया कि ज्ञापन में दिल्ली में छात्रों के खिलाफ कथित कार्रवाई और पंजाब में सफाई कर्मचारियों पर हुई कथित पुलिस कार्रवाई को लेकर भी अपनी आपत्तियां दर्ज कराई जाएंगी।

BKE का कहना है कि लोकतांत्रिक अधिकारों और सामाजिक न्याय से जुड़े इन मुद्दों पर भी सरकार को ध्यान देना चाहिए।


H2: स्थानीय स्तर पर नहर पानी, खाद और मुआवजे की मांग

राष्ट्रीय मुद्दों के अलावा संगठन ने सिरसा और आसपास के क्षेत्रों से जुड़े कई स्थानीय मुद्दे भी उठाए हैं। इनमें प्रमुख मांगें हैं—

  • किसानों को पर्याप्त नहर का पानी उपलब्ध कराया जाए।
  • निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जाए।
  • समय पर खाद की उपलब्धता कराई जाए।
  • 2020 खरीफ फसल का लंबित मुआवजा जारी किया जाए।
  • 2023, 2024 और 2025 की लंबित फसल बीमा दावों का जल्द निपटारा किया जाए।

संगठन का कहना है कि इन समस्याओं का समाधान किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के लिए जरूरी है।


H2: आंदोलन को लेकर तैयारियां तेज

भारतीय किसान एकता ने किसानों और खेत मजदूरों से बड़ी संख्या में प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की है। संगठन का दावा है कि यह प्रदर्शन किसानों की समस्याओं को सरकार तक पहुंचाने और उनके समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम होगा।


Key Highlights:

  • BKE ने 5 अगस्त को सिरसा में बड़े किसान आंदोलन का ऐलान किया।
  • किसान और मजदूर जाट धर्मशाला से DC कार्यालय तक मार्च निकालेंगे।
  • MSP की कानूनी गारंटी और कर्ज माफी प्रमुख मांगों में शामिल।
  • नहर पानी, बिजली, खाद और फसल मुआवजे को लेकर भी सरकार से मांग।
  • जिला प्रशासन के माध्यम से सरकार को ज्ञापन सौंपा जाएगा।

FAQ Section

Q1. BKE का प्रदर्शन कब और कहां होगा?

भारतीय किसान एकता का प्रदर्शन 5 अगस्त को हरियाणा के सिरसा में आयोजित होगा।

Q2. प्रदर्शन की शुरुआत कहां से होगी?

किसान और खेत मजदूर सुबह 10:30 बजे जाट धर्मशाला से मार्च शुरू करेंगे।

Q3. BKE की प्रमुख मांगें क्या हैं?

MSP की कानूनी गारंटी, किसानों और मजदूरों की कर्ज माफी, पर्याप्त नहर पानी, बिजली आपूर्ति, खाद की उपलब्धता और लंबित मुआवजे का भुगतान।

Q4. ज्ञापन किसे सौंपा जाएगा?

प्रदर्शनकारी जिला प्रशासन के माध्यम से सरकार के नाम उपायुक्त कार्यालय में ज्ञापन सौंपेंगे।


Conclusion:

भारतीय किसान एकता द्वारा घोषित 5 अगस्त का आंदोलन किसानों और खेत मजदूरों से जुड़े कई अहम मुद्दों को लेकर आयोजित किया जा रहा है। संगठन का कहना है कि राष्ट्रीय और स्थानीय दोनों स्तर की समस्याओं के समाधान के लिए सरकार को ठोस कदम उठाने चाहिए। अब इस प्रदर्शन और सरकार की प्रतिक्रिया पर किसानों की निगाहें टिकी रहेंगी।Screenshot_437

Edited By: Atul Sharma

खबरें और भी हैं

जोधपुर में चार्जिंग के दौरान EV में लगी आग, 8 दुपहिया वाहन जलकर राख; शॉर्ट सर्किट की आशंका

Advertisement

नवीनतम

जोधपुर में चार्जिंग के दौरान EV में लगी आग, 8 दुपहिया वाहन जलकर राख; शॉर्ट सर्किट की आशंका जोधपुर में चार्जिंग के दौरान EV में लगी आग, 8 दुपहिया वाहन जलकर राख; शॉर्ट सर्किट की आशंका
राजस्थान के जोधपुर के सरदारपुरा क्षेत्र में चार्जिंग के दौरान एक इलेक्ट्रिक दुपहिया वाहन में आग लग गई। आग तेजी...
कुलगाम आतंकी हमले के पीड़ित परिवारों के लिए छत्तीसगढ़ सरकार का बड़ा ऐलान, CM साय ने ₹20-20 लाख सहायता की घोषणा
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: श्रीलंका के रुमेश ने जीता जेवलिन गोल्ड, नीरज चोपड़ा को सिल्वर से करना पड़ा संतोष
पैसा डबल करने का झांसा, सॉफ्टवेयर इंजीनियर से ₹1 करोड़ से ज्यादा की ठगी; दंपती पर केस दर्ज
हरियाणा मानवाधिकार आयोग ने हिसार सेंट्रल जेल का किया निरीक्षण, कैदियों की सुविधाओं और मानवाधिकारों की समीक्षा
Copyright (c) Undekhi Khabar All Rights Reserved.
Powered By Vedanta Software