- Hindi News
- राज्य
- हरियाणा
- हरियाणा मतदाता सूची अपडेट: 33.84 लाख नाम ड्राफ्ट वोटर लिस्ट से बाहर, 31 जुलाई को जारी होगी प्रारूप स...
हरियाणा मतदाता सूची अपडेट: 33.84 लाख नाम ड्राफ्ट वोटर लिस्ट से बाहर, 31 जुलाई को जारी होगी प्रारूप सूची
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा- जिन मतदाताओं का नाम ड्राफ्ट सूची में नहीं होगा, वे 30 अगस्त तक दावा और आपत्ति दर्ज कराकर दोबारा नाम जुड़वा सकेंगे।
हरियाणा में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के तहत मतदाता सूची के सत्यापन में बड़ी संख्या में विसंगतियां सामने आई हैं। 33.84 लाख मतदाताओं के नाम ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में शामिल नहीं होंगे, जबकि 31 जुलाई को 1.73 करोड़ मतदाताओं की प्रारूप सूची प्रकाशित की जाएगी।
हरियाणा में मतदाता सूची पुनरीक्षण के दौरान सामने आईं बड़ी विसंगतियां
हरियाणा में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान के दौरान मतदाता सूची के सत्यापन में कई प्रकार की विसंगतियां सामने आई हैं। चुनाव आयोग के अनुसार, कई मतदाताओं के रिकॉर्ड में समान जनसांख्यिकीय विवरण, पारिवारिक संबंधों में असामान्य अंतर और पुराने रिकॉर्ड से मेल न खाने जैसी स्थितियां पाई गई हैं।
इन्हीं कारणों से बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम फिलहाल ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में शामिल नहीं किए जाएंगे।
कुरुक्षेत्र में सबसे अधिक डेमोग्राफिक समान प्रविष्टियां

- कुरुक्षेत्र – 95,320 डेमोग्राफिक समान प्रविष्टियां
- फतेहाबाद – 92,736
- यमुनानगर – 89,090
इन मामलों का सत्यापन कर वास्तविक मतदाताओं की पहचान सुनिश्चित की जाएगी।
फरीदाबाद और गुरुग्राम में सबसे अधिक विसंगतियां
चुनाव आयोग के अनुसार, कई मामलों में मतदाता और उसके पिता की आयु में केवल 15 वर्ष या उससे कम का अंतर पाया गया। इसी तरह कुछ रिकॉर्ड में मतदाता और दादा-दादी की आयु में 40 वर्ष या उससे कम का अंतर दर्ज है। कुछ मामलों में एक ही व्यक्ति को छह से अधिक मतदाताओं का अभिभावक दर्शाया गया है।
ऐसी सबसे अधिक विसंगतियां निम्न जिलों में सामने आई हैं—
- फरीदाबाद – 2.56 लाख मतदाता
- गुरुग्राम – 2.17 लाख मतदाता
- हिसार – 1.81 लाख मतदाता
18.57 लाख मतदाताओं का रिकॉर्ड पुराने डेटा से नहीं मिला
चुनाव आयोग ने बताया कि 18.57 लाख मतदाता ऐसे हैं, जिनका रिकॉर्ड पिछली विशेष पुनरीक्षण (SIR) की मतदाता सूची से मेल नहीं खा सका।
जिला स्तर पर सबसे अधिक ऐसे मामले—
- फरीदाबाद – 4.27 लाख
- गुरुग्राम – 2.57 लाख
इन सभी मतदाताओं को सत्यापन के लिए नोटिस जारी किए जाएंगे।
33.84 लाख नाम ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में नहीं होंगे शामिल
सत्यापन प्रक्रिया के दौरान कुल 33.84 लाख मतदाता ऐसे पाए गए हैं, जिनके नाम प्रारूप मतदाता सूची में शामिल नहीं किए जाएंगे। इनमें विभिन्न श्रेणियां शामिल हैं—
- अनुपस्थित (Absent from Address) – 9.37 लाख
- स्थायी रूप से अन्यत्र स्थानांतरित – 13.75 लाख
- मृतक – 7.66 लाख
- पहले से पंजीकृत – 2.05 लाख
इन मामलों का अंतिम निर्णय दावों और आपत्तियों के निस्तारण के बाद लिया जाएगा।
31 जुलाई को जारी होगी 1.73 करोड़ मतदाताओं की ड्राफ्ट सूची
चुनाव आयोग के अनुसार, जिन 1.73 करोड़ मतदाताओं के गणना प्रपत्र (Enumeration Forms) प्राप्त हो चुके हैं, उनकी प्रारूप मतदाता सूची 31 जुलाई को प्रकाशित की जाएगी।
इसके बाद 31 जुलाई से 30 अगस्त तक दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की प्रक्रिया चलेगी।
नाम नहीं होने पर फॉर्म-6 से जुड़वा सकेंगे नाम
हरियाणा के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ए. श्रीनिवास ने कहा कि यदि किसी पात्र मतदाता का नाम 31 जुलाई को प्रकाशित होने वाली प्रारूप मतदाता सूची में नहीं मिलता है, तो वह फॉर्म-6 भरकर अपना नाम दोबारा शामिल कराने के लिए आवेदन कर सकता है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी पात्र आवेदनों का सत्यापन करने के बाद उनका नाम अंतिम मतदाता सूची में शामिल किया जाएगा।
Key Highlights:
- 31 जुलाई को हरियाणा की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट प्रकाशित होगी।
- 33.84 लाख मतदाता प्रारूप सूची में शामिल नहीं होंगे।
- कुरुक्षेत्र में सबसे अधिक 95,320 डेमोग्राफिक समान प्रविष्टियां मिलीं।
- फरीदाबाद में सबसे अधिक 2.56 लाख रिकॉर्ड में विसंगतियां पाई गईं।
- 18.57 लाख मतदाताओं का रिकॉर्ड पुराने SIR डेटा से मेल नहीं खाया।
- 31 जुलाई से 30 अगस्त तक दावा और आपत्ति दर्ज कराई जा सकेगी।
- नाम छूटने पर फॉर्म-6 के जरिए दोबारा आवेदन किया जा सकेगा।
FAQ Section:
प्रश्न 1: हरियाणा की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट कब जारी होगी?
उत्तर: 31 जुलाई को।
प्रश्न 2: कितने मतदाताओं के नाम ड्राफ्ट सूची में शामिल नहीं होंगे?
उत्तर: 33.84 लाख मतदाताओं के नाम प्रारूप सूची में शामिल नहीं होंगे।
प्रश्न 3: दावा और आपत्ति दर्ज कराने की अंतिम तिथि क्या है?
उत्तर: 30 अगस्त तक दावा और आपत्ति दर्ज कराई जा सकती है।
प्रश्न 4: यदि नाम ड्राफ्ट सूची में नहीं हो तो क्या करें?
उत्तर: संबंधित मतदाता फॉर्म-6 भरकर अपना नाम दोबारा शामिल कराने के लिए आवेदन कर सकता है।
प्रश्न 5: किस जिले में सबसे अधिक डेमोग्राफिक समान प्रविष्टियां मिली हैं?
उत्तर: कुरुक्षेत्र में 95,320 डेमोग्राफिक समान प्रविष्टियां पाई गई हैं।
Conclusion:
हरियाणा में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के दौरान बड़ी संख्या में रिकॉर्ड का सत्यापन किया गया है। चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि जिन मतदाताओं के नाम प्रारूप सूची में नहीं होंगे, उन्हें दावा और आपत्ति दर्ज कराने का पूरा अवसर मिलेगा। फॉर्म-6 के माध्यम से पात्र मतदाता अपना नाम अंतिम मतदाता सूची में शामिल करा सकेंगे।
खबरें और भी हैं
Advertisement

