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अकाल तख्त जत्थेदार का CM भगवंत मान पर इशारों में हमला, बोले- सत्ता हमेशा किसी के पास नहीं रहती
मिरी पीरी खालसा मार्च के दौरान ज्ञानी कुलदीप सिंह गर्गज ने सिख संस्थाओं को मजबूत करने पर दिया जोर, SGPC को कमजोर करने के प्रयासों पर जताई चिंता
अकाल तख्त के जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गर्गज ने मुख्यमंत्री भगवंत मान पर बिना नाम लिए निशाना साधा। तलवंडी साबो में उन्होंने कहा कि राजनीतिक सत्ता हमेशा कायम नहीं रहती और सिख संस्थाओं को कमजोर करने के प्रयासों के गंभीर परिणाम हो सकते हैं।
अकाल तख्त के जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गर्गज ने सोमवार को पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान पर इशारों में हमला बोला। तलवंडी साबो स्थित तख्त दमदमा साहिब में मिरी पीरी खालसा मार्च के दूसरे चरण के दौरान आयोजित सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि सत्ता में बैठे कुछ लोगों को यह गलतफहमी हो गई है कि उनका आदेश हर जगह चलता है, लेकिन गुरुद्वारा संस्थाएं उनके अनुसार नहीं चलतीं।
ज्ञानी कुलदीप सिंह गर्गज ने कहा कि राजनीतिक सत्ता किसी के पास हमेशा नहीं रहती। उन्होंने सिख संस्थाओं को कमजोर करने, बांटने या अपने नियंत्रण में लेने के कथित प्रयासों को लेकर भी चिंता जताई।
सिख संस्थाओं को मजबूत करने पर जोरजत्थेदार ने कहा कि मिरी पीरी खालसा मार्च का उद्देश्य पंथक संस्थाओं को मजबूत करना है। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ ताकतें SGPC जैसी सिख संस्था को कमजोर करने, उसे तोड़ने या अपने नियंत्रण में लेने का प्रयास कर रही हैं।
उन्होंने कहा कि सत्ता में बैठे लोगों के बीच यह सोच पैदा हो गई है कि हर संस्था उनके निर्देशों के अनुसार काम करेगी। लेकिन गुरुद्वारा संस्थाओं की अपनी धार्मिक और पंथक व्यवस्था है।
तख्त हजूर साहिब, दिल्ली और हरियाणा का किया जिक्र
ज्ञानी कुलदीप सिंह गर्गज ने महाराष्ट्र स्थित तख्त सचखंड श्री हजूर साहिब के अलावा दिल्ली और हरियाणा में सिख संस्थाओं से जुड़े हालात का भी उल्लेख किया।
उन्होंने चेतावनी दी कि सिख संस्थाओं को कमजोर करने की कोशिशों के गंभीर परिणाम हो सकते हैं। उनके अनुसार, धार्मिक और पंथक संस्थाओं की मजबूती सिख समुदाय के हितों के लिए जरूरी है।
‘राजनीतिक सत्ता हमेशा नहीं रहेगी’
अपने संबोधन में जत्थेदार ने उन ताकतों को भी संदेश देने की बात कही, जिन्हें उन्होंने ‘गुरु-द्रोही’ और ‘पंथ विरोधी’ बताया। उन्होंने कहा कि कुछ लोगों को यह भ्रम हो गया है कि राजनीतिक सत्ता हमेशा उनके पास ही रहेगी।
ज्ञानी कुलदीप सिंह गर्गज ने कहा कि अकाल तख्त की आवाज स्पष्ट है और पंथ की आवाज हमेशा प्रभावी रही है तथा आगे भी रहेगी।
मिरी पीरी खालसा मार्च का उद्देश्य क्या?
मिरी पीरी खालसा मार्च के माध्यम से सिख पंथक संस्थाओं को मजबूत करने और अकाल तख्त के सिद्धांतों का संदेश लोगों तक पहुंचाने पर जोर दिया जा रहा है।
तख्त दमदमा साहिब में अपने संबोधन के दौरान जत्थेदार ने कहा कि यह मार्च केवल एक धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि पंथक संस्थाओं की मजबूती और सिख सिद्धांतों के प्रति जागरूकता का संदेश भी है।
Key Highlights:
- अकाल तख्त जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गर्गज ने CM भगवंत मान पर इशारों में निशाना साधा।
- उन्होंने कहा कि राजनीतिक सत्ता हमेशा किसी के पास नहीं रहती।
- तलवंडी साबो के तख्त दमदमा साहिब में मिरी पीरी खालसा मार्च के दूसरे चरण के दौरान बयान दिया।
- SGPC को कमजोर करने, तोड़ने या नियंत्रित करने के कथित प्रयासों पर जत्थेदार ने चिंता जताई।
- तख्त श्री हजूर साहिब, दिल्ली और हरियाणा में सिख संस्थाओं की स्थिति का भी उल्लेख किया।
- उन्होंने मिरी पीरी खालसा मार्च को पंथक संस्थाओं को मजबूत करने से जोड़ा।
- जत्थेदार ने ‘पंथ खालसा जिंदाबाद’ का संदेश दोहराया।
FAQ Section:
अकाल तख्त जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गर्गज ने क्या कहा?
उन्होंने कहा कि राजनीतिक सत्ता हमेशा किसी के पास नहीं रहती और सत्ता में बैठे लोगों को यह गलतफहमी नहीं पालनी चाहिए कि उनका आदेश हर जगह चलता है।
क्या जत्थेदार ने भगवंत मान का नाम लिया?
उपलब्ध बयान के अनुसार, उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान का सीधे नाम नहीं लिया, लेकिन उनका बयान मुख्यमंत्री पर इशारों में राजनीतिक हमला माना जा रहा है।
मिरी पीरी खालसा मार्च कहां आयोजित किया गया?
मार्च के दूसरे चरण के दौरान तलवंडी साबो स्थित तख्त दमदमा साहिब में सभा आयोजित की गई, जहां जत्थेदार ने संबोधित किया।
जत्थेदार ने SGPC को लेकर क्या कहा?
उन्होंने आरोप लगाया कि सिख संस्था SGPC को कमजोर करने, तोड़ने या अपने नियंत्रण में लेने के प्रयास किए जा रहे हैं और कहा कि पंथक संस्थाओं को मजबूत करने की जरूरत है।
जत्थेदार ने किन क्षेत्रों की स्थिति का जिक्र किया?
उन्होंने महाराष्ट्र स्थित तख्त सचखंड श्री हजूर साहिब के साथ-साथ दिल्ली और हरियाणा में सिख संस्थाओं से जुड़े हालात का उल्लेख किया।
Conclusion:
तख्त दमदमा साहिब में मिरी पीरी खालसा मार्च के दौरान अकाल तख्त जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गर्गज का बयान पंजाब की राजनीति और पंथक संस्थाओं को लेकर महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उन्होंने बिना किसी का सीधे नाम लिए सत्ता में बैठे लोगों को राजनीतिक शक्ति के स्थायी न होने की याद दिलाई और SGPC समेत सिख संस्थाओं को मजबूत करने पर जोर दिया। उनके बयान से आने वाले दिनों में पंजाब की राजनीति और पंथक मुद्दों पर बहस तेज होने की संभावना है।
