- Hindi News
- राज्य
- पंजाब
- अमृतसर में मिड-डे मील और आशा वर्करों का प्रदर्शन, CM भगवंत मान का पुतला फूंका
अमृतसर में मिड-डे मील और आशा वर्करों का प्रदर्शन, CM भगवंत मान का पुतला फूंका
मानदेय दोगुना करने का चुनावी वादा पूरा न होने पर भड़कीं वर्कर, डीसी कार्यालय के बाहर संझा मोर्चा के आह्वान पर किया विरोध प्रदर्शन।
अमृतसर और अजनाला तहसील की मिड-डे मील और आशा वर्करों ने शुक्रवार को अपनी मांगों को लेकर डिप्टी कमिश्नर कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। वर्करों ने सरकार पर मानदेय दोगुना करने का वादा पूरा न करने का आरोप लगाया और मुख्यमंत्री भगवंत मान का पुतला फूंका।
अमृतसर: पंजाब में मिड-डे मील और आशा वर्करों ने मानदेय बढ़ाने की मांग को लेकर शुक्रवार को अमृतसर में विरोध प्रदर्शन किया। अमृतसर और अजनाला तहसील की बड़ी संख्या में वर्कर डिप्टी कमिश्नर कार्यालय के बाहर एकत्रित हुईं। संझा मोर्चा के आह्वान पर आयोजित इस प्रदर्शन में वर्करों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और मुख्यमंत्री भगवंत मान का पुतला फूंका।
प्रदर्शनकारी वर्करों की मुख्य मांग चुनाव से पहले किए गए मानदेय दोगुना करने के वादे को पूरा करना था। उनका आरोप है कि आम आदमी पार्टी ने सत्ता में आने से पहले उनके मानदेय को दोगुना करने का आश्वासन दिया था, लेकिन सरकार बनने के बाद इस वादे को पूरा नहीं किया गया।
मानदेय दोगुना करने के वादे को लेकर वर्करों का प्रदर्शन
प्रदर्शन के दौरान मिड-डे मील और आशा वर्करों की नेता ममता शर्मा तथा सरबजीत कौर छज्जलवाड़ी ने बड़ी संख्या में जुटी वर्करों को संबोधित किया। उन्होंने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी ने विधानसभा चुनाव से पहले मिड-डे मील और आशा वर्करों के कम मानदेय को दोगुना करने का वादा किया था।नेताओं के अनुसार, सरकार बनने के बाद भी वर्करों को उनके वादे के अनुरूप बढ़ा हुआ मानदेय नहीं मिला। उन्होंने सरकार से चुनाव के दौरान किए गए वादे को पूरा करने की मांग की।
साढ़े चार साल बाद भी मांग पूरी न होने का आरोप
प्रदर्शनकारी नेताओं ने कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार बने लगभग साढ़े चार साल बीत चुके हैं, लेकिन वर्करों की मानदेय बढ़ाने की मांग अब तक पूरी नहीं हुई है। उनके मुताबिक, कम मानदेय के कारण मिड-डे मील और आशा वर्करों को लगातार परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
वर्करों ने सरकार से उनकी आर्थिक स्थिति और लंबे समय से लंबित मांगों पर ध्यान देने की अपील की। प्रदर्शन के अंत में मुख्यमंत्री भगवंत मान का पुतला जलाकर अपना विरोध दर्ज कराया गया।
संझा मोर्चा के आह्वान पर जुटीं वर्कर
यह विरोध प्रदर्शन संझा मोर्चा के आह्वान पर आयोजित किया गया। इसमें अमृतसर और अजनाला तहसीलों की मिड-डे मील और आशा वर्करों ने हिस्सा लिया। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से अपने चुनावी वादे को पूरा करने और मानदेय दोगुना करने की मांग उठाई।
Key Highlights
-
अमृतसर और अजनाला की मिड-डे मील और आशा वर्करों ने किया प्रदर्शन।
-
शुक्रवार को डिप्टी कमिश्नर कार्यालय के बाहर जुटीं वर्कर।
-
संझा मोर्चा के आह्वान पर आयोजित हुआ विरोध प्रदर्शन।
-
वर्करों ने मानदेय दोगुना करने की मांग उठाई।
-
ममता शर्मा और सरबजीत कौर छज्जलवाड़ी ने प्रदर्शनकारियों को संबोधित किया।
-
आम आदमी पार्टी पर चुनावी वादा पूरा न करने का आरोप लगाया।
-
प्रदर्शन के दौरान मुख्यमंत्री भगवंत मान का पुतला फूंका गया।
FAQ Section
1. अमृतसर में मिड-डे मील और आशा वर्करों ने प्रदर्शन क्यों किया?
वर्करों ने सरकार से चुनाव के दौरान किए गए मानदेय दोगुना करने के वादे को पूरा करने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया।
2. मिड-डे मील और आशा वर्करों ने प्रदर्शन कहां किया?
वर्करों ने शुक्रवार को अमृतसर में डिप्टी कमिश्नर कार्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन किया।
3. प्रदर्शन का आयोजन किसके आह्वान पर किया गया?
यह प्रदर्शन संझा मोर्चा के आह्वान पर आयोजित किया गया था।
4. प्रदर्शन के दौरान किन नेताओं ने वर्करों को संबोधित किया?
प्रदर्शन के दौरान ममता शर्मा और सरबजीत कौर छज्जलवाड़ी ने वर्करों को संबोधित किया।
5. प्रदर्शन के दौरान वर्करों ने क्या किया?
वर्करों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और अपनी मांगों के समर्थन में मुख्यमंत्री भगवंत मान का पुतला फूंका।
Conclusion
अमृतसर में मिड-डे मील और आशा वर्करों का प्रदर्शन मानदेय दोगुना करने की मांग को लेकर आयोजित किया गया। प्रदर्शनकारी वर्करों ने आम आदमी पार्टी की सरकार पर चुनावी वादे से पीछे हटने का आरोप लगाया। संझा मोर्चा के नेतृत्व में हुए इस विरोध प्रदर्शन के जरिए वर्करों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर सरकार का ध्यान आकर्षित करने की कोशिश की।

