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गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी में यूथ फेस्टिवल की धूम, संगीत, थिएटर और पंजाबी संस्कृति ने बांधा समां
अमृतसर की स्थापना के 450वें वर्ष को समर्पित जोनल यूथ फेस्टिवल के दूसरे दिन विद्यार्थियों ने शबद-भजन, कविशरी, नाटक और गायन प्रतियोगिताओं में दिखाई प्रतिभा।
गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी में आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल के दूसरे दिन संगीत, थिएटर और रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने सभी का ध्यान आकर्षित किया। अमृतसर की स्थापना के 450वें वर्ष को समर्पित इस महोत्सव में विद्यार्थियों ने पंजाबी लोक संगीत, कविशरी, शबद-भजन और नाट्य प्रस्तुतियों के माध्यम से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
पंजाब की सांस्कृतिक विरासत और युवा प्रतिभाओं का संगम गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी (GNDU) के परिसर में देखने को मिला, जहां जोनल यूथ फेस्टिवल के दूसरे दिन विद्यार्थियों ने संगीत, नाटक और विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से समां बांध दिया। पूरे परिसर में रंग, संगीत और रचनात्मकता का माहौल देखने को मिला।
अमृतसर शहर की स्थापना के 450वें वर्ष को समर्पित इस महोत्सव में युवा कलाकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने के साथ-साथ पंजाब की समृद्ध सांस्कृतिक और साहित्यिक परंपराओं से जुड़ने का अवसर मिल रहा है।
यूथ फेस्टिवल में संगीत और नाट्य प्रस्तुतियों का आकर्षण
फेस्टिवल के दूसरे दिन विभिन्न सांस्कृतिक प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इनमें ग्रुप शबद-भजन, ग्रुप सॉन्ग और कविशरी के साथ-साथ कॉस्ट्यूम परेड, माइम, मिमिक्री, स्किट और वन-एक्ट प्ले जैसी प्रतियोगिताएं शामिल रहीं।विद्यार्थियों ने अपनी प्रस्तुतियों के माध्यम से सामाजिक मुद्दों और रोजमर्रा के जीवन से जुड़े अनुभवों को रचनात्मक अंदाज में मंच पर पेश किया। नाट्य प्रस्तुतियों में अभिनय और मिमिक्री के जरिए प्रतिभागियों ने अपनी कला का प्रदर्शन किया।
पंजाबी संगीत और साहित्यिक विरासत की दिखी झलक
ग्रुप शबद-भजन, समूह गायन और कविशरी प्रतियोगिताओं में युवाओं ने पंजाब की संगीत और साहित्यिक परंपराओं को मंच पर जीवंत किया। इन प्रस्तुतियों में विद्यार्थियों का उत्साह और सांस्कृतिक विरासत के प्रति उनका जुड़ाव देखने को मिला।
कविशरी और शबद-भजन जैसी पारंपरिक विधाओं के साथ आधुनिक मंचीय प्रस्तुतियों ने फेस्टिवल को विविधता से भर दिया। इससे विद्यार्थियों को अपनी कला और रचनात्मकता प्रदर्शित करने का अवसर मिला।
प्रसिद्ध पंजाबी कलाकारों के मंच पर प्रस्तुति देकर उत्साहित हुए प्रतिभागी
ग्रुप सिंगिंग प्रतियोगिता में हिस्सा लेने वाले प्रतिभागी प्रभसिमरन सिंह ने मंच पर प्रस्तुति देने के अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा कि जिस मंच पर पहले सतिंदर सरताज, अमरिंदर गिल और निरवैर पन्नू जैसे पंजाबी संगीत कलाकार विद्यार्थी कलाकार के रूप में प्रस्तुति दे चुके हैं, उसी मंच पर प्रदर्शन करना उनके लिए बेहद खास अनुभव है।
प्रभसिमरन सिंह के मुताबिक, मंच का माहौल बेहद उत्साहजनक है और दर्शकों की शानदार प्रतिक्रिया कलाकारों का उत्साह बढ़ाती है। उन्होंने इस अनुभव को यादगार बताया।
अमृतसर की 450वीं वर्षगांठ को समर्पित है महोत्सव
इस वर्ष आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल अमृतसर शहर की स्थापना के 450वें वर्ष को समर्पित है। महोत्सव का उद्देश्य विद्यार्थियों को सांस्कृतिक गतिविधियों के माध्यम से अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर देना और क्षेत्र की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को प्रोत्साहित करना है।
संगीत, नाटक और पारंपरिक कलाओं के जरिए युवा कलाकारों को अपनी रचनात्मक सोच प्रस्तुत करने का मंच मिल रहा है। फेस्टिवल के दूसरे दिन की गतिविधियों ने विश्वविद्यालय परिसर को सांस्कृतिक उत्सव में बदल दिया।
Key Highlights
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गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी में जोनल यूथ फेस्टिवल के दूसरे दिन रंगारंग कार्यक्रम आयोजित किए गए।
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महोत्सव अमृतसर की स्थापना के 450वें वर्ष को समर्पित है।
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विद्यार्थियों ने ग्रुप शबद-भजन, ग्रुप सॉन्ग और कविशरी में हिस्सा लिया।
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कॉस्ट्यूम परेड, माइम, मिमिक्री, स्किट और वन-एक्ट प्ले प्रतियोगिताएं आयोजित हुईं।
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प्रतिभागियों ने सामाजिक मुद्दों और रोजमर्रा के अनुभवों को मंच पर प्रस्तुत किया।
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प्रभसिमरन सिंह ने प्रसिद्ध पंजाबी कलाकारों के मंच पर प्रस्तुति देने को यादगार अनुभव बताया।
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फेस्टिवल में पंजाबी संगीत और साहित्यिक विरासत की झलक देखने को मिली।
FAQ Section
1. गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी में कौन-सा कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है?
गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी में जोनल यूथ फेस्टिवल आयोजित किया जा रहा है, जिसमें विद्यार्थी विभिन्न सांस्कृतिक और रचनात्मक प्रतियोगिताओं में हिस्सा ले रहे हैं।
2. यूथ फेस्टिवल किस अवसर को समर्पित है?
यह महोत्सव अमृतसर शहर की स्थापना के 450वें वर्ष को समर्पित है।
3. फेस्टिवल के दूसरे दिन कौन-कौन सी प्रतियोगिताएं हुईं?
दूसरे दिन ग्रुप शबद-भजन, ग्रुप सॉन्ग, कविशरी, कॉस्ट्यूम परेड, माइम, मिमिक्री, स्किट और वन-एक्ट प्ले जैसी प्रतियोगिताएं आयोजित हुईं।
4. प्रभसिमरन सिंह ने यूथ फेस्टिवल के बारे में क्या कहा?
ग्रुप सिंगिंग के प्रतिभागी प्रभसिमरन सिंह ने कहा कि प्रसिद्ध पंजाबी कलाकारों द्वारा पहले प्रस्तुतियां दिए गए मंच पर प्रदर्शन करना उनके लिए बेहद खास अनुभव है। उन्होंने दर्शकों के उत्साह की भी सराहना की।
5. यूथ फेस्टिवल का मुख्य उद्देश्य क्या है?
इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को संगीत, नाटक और अन्य सांस्कृतिक गतिविधियों के माध्यम से अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर देना और पंजाबी सांस्कृतिक विरासत को प्रोत्साहित करना है।
Conclusion
गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी में आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल का दूसरा दिन संगीत, नाटक और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के नाम रहा। अमृतसर की स्थापना के 450वें वर्ष को समर्पित इस आयोजन में विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा के साथ पंजाब की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की झलक पेश की। विभिन्न प्रतियोगिताओं और उत्साहपूर्ण प्रस्तुतियों ने इस महोत्सव को युवाओं के लिए रचनात्मक अभिव्यक्ति का मंच बनाया।
