- Hindi News
- राज्य
- हरियाणा
- UPSC की तैयारी कर रहे दो युवकों पर साइबर ठगी का आरोप, बुजुर्ग दंपती के खाते से 3.14 लाख रुपये उड़ाए
UPSC की तैयारी कर रहे दो युवकों पर साइबर ठगी का आरोप, बुजुर्ग दंपती के खाते से 3.14 लाख रुपये उड़ाए
गुरुग्राम पुलिस ने दिल्ली विश्वविद्यालय के दो स्नातकों को किया गिरफ्तार, एक आरोपी बुजुर्ग दंपती के यहां नर्सिंग अटेंडेंट के रूप में कर रहा था काम।
गुरुग्राम पुलिस ने साइबर ठगी के एक मामले में UPSC की तैयारी कर रहे दिल्ली विश्वविद्यालय के दो स्नातकों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि दोनों ने एक बुजुर्ग दंपती के बैंक खाते से UPI के जरिए 3.14 लाख रुपये की धोखाधड़ी की। पुलिस ने आरोपियों के पास से मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं।
बुजुर्ग दंपती से 3.14 लाख रुपये की कथित साइबर ठगी
गुरुग्राम पुलिस ने साइबर ठगी के मामले में दो युवकों को गिरफ्तार किया है, जो दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक हैं और कथित तौर पर UPSC परीक्षा की तैयारी कर रहे थे।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने एक बुजुर्ग दंपती के बैंक खाते से 3,14,800 रुपये कई UPI ट्रांजैक्शन के माध्यम से बिना जानकारी के ट्रांसफर कर लिए।
महिला की शिकायत पर दर्ज हुआ मामला
पुलिस के मुताबिक, 29 अप्रैल को एक महिला ने साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन (पूर्व), गुरुग्राम में शिकायत दर्ज कराई।शिकायत में बताया गया कि 2 अप्रैल से 12 अप्रैल के बीच उनके बैंक खाते से कई UPI लेनदेन के जरिए 3,14,800 रुपये धोखाधड़ी से निकाल लिए गए। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
दो आरोपियों की हुई गिरफ्तारी
जांच के दौरान पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मंवेंद्र (26) निवासी कासगंज, उत्तर प्रदेश और अभिषेक कुमार मौर्य (25) निवासी गोंडा, उत्तर प्रदेश के रूप में हुई। दोनों वर्तमान में दिल्ली के धीरपुर क्षेत्र में रह रहे थे।
पुलिस ने मंवेंद्र को सोमवार को गुरुग्राम से और अभिषेक को मंगलवार को दिल्ली से गिरफ्तार किया।
नर्सिंग अटेंडेंट के रूप में कर रहा था काम
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि मंवेंद्र 1 अप्रैल से शिकायतकर्ता के बीमार पति की देखभाल के लिए नर्सिंग अटेंडेंट के रूप में काम कर रहा था।
इसी दौरान उसने कथित तौर पर पीड़ित के मोबाइल फोन में Paytm खाता सक्रिय किया और उनके मोबाइल सिम कार्ड पर भी नियंत्रण हासिल कर लिया।
मोबाइल फोन बरामद, जांच जारी
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल किए गए मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
फिलहाल पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि इस साइबर ठगी में किसी अन्य व्यक्ति की भी भूमिका थी या नहीं।
Key Highlights:
- गुरुग्राम पुलिस ने साइबर ठगी के आरोप में दो युवकों को गिरफ्तार किया।
- दोनों आरोपी दिल्ली विश्वविद्यालय के स्नातक और कथित तौर पर UPSC अभ्यर्थी हैं।
- बुजुर्ग दंपती के खाते से 3.14 लाख रुपये की कथित धोखाधड़ी।
- एक आरोपी पीड़ित परिवार के यहां नर्सिंग अटेंडेंट के रूप में कार्यरत था।
- आरोपियों के पास से मोबाइल फोन बरामद।
- पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है।
FAQ Section
प्रश्न 1: आरोपियों पर क्या आरोप है?
आरोप है कि उन्होंने बुजुर्ग दंपती के बैंक खाते से UPI के माध्यम से 3.14 लाख रुपये की साइबर ठगी की।
प्रश्न 2: आरोपियों को कहां से गिरफ्तार किया गया?
एक आरोपी को गुरुग्राम और दूसरे को दिल्ली से गिरफ्तार किया गया।
प्रश्न 3: पीड़ित परिवार से आरोपियों का क्या संबंध था?
एक आरोपी पीड़ित के बीमार पति की देखभाल के लिए नर्सिंग अटेंडेंट के रूप में काम कर रहा था।
प्रश्न 4: पुलिस ने क्या बरामद किया?
पुलिस ने आरोपियों के पास से घटना में कथित रूप से इस्तेमाल किए गए मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
Conclusion
गुरुग्राम में सामने आए इस कथित साइबर ठगी मामले ने यह दिखाया है कि डिजिटल लेनदेन के दौरान सतर्कता कितनी आवश्यक है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और सभी तथ्यों की पुष्टि के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

