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अमेरिका में शहीद सिख पुलिस अधिकारी संदीप सिंह धालीवाल को 7वीं बरसी पर दी गई श्रद्धांजलि, याद कर भावुक हुआ पुलिस विभाग
हैरिस काउंटी शेरिफ कार्यालय ने वीडियो जारी कर सिख-अमेरिकी डिप्टी संदीप सिंह धालीवाल की बहादुरी, सेवा और समाज में उनके योगदान को किया याद।
अमेरिका के टेक्सास में शहीद हुए सिख-अमेरिकी पुलिस अधिकारी संदीप सिंह धालीवाल की सातवीं पुण्यतिथि पर हैरिस काउंटी शेरिफ कार्यालय ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। विभाग ने एक विशेष वीडियो साझा कर उनके परिवार, पुलिस सेवा और धार्मिक स्वतंत्रता के लिए उनके योगदान को याद किया।
अमेरिका में सिख समुदाय के लिए ऐतिहासिक पहचान बनाने वाले पुलिस अधिकारी संदीप सिंह धालीवाल को उनकी सातवीं पुण्यतिथि पर याद किया गया। हैरिस काउंटी शेरिफ कार्यालय ने सोशल मीडिया पर एक विशेष वीडियो और भावुक संदेश साझा कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। संदीप सिंह धालीवाल ने अमेरिकी पुलिस विभाग में अपनी सेवाओं के दौरान न केवल समुदाय की सुरक्षा में योगदान दिया, बल्कि धार्मिक स्वतंत्रता और समानता की दिशा में भी महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की थी।
27 सितंबर 2019 को ड्यूटी के दौरान गोली मारकर उनकी हत्या कर दी गई थी। उनकी सातवीं बरसी पर पुलिस विभाग ने उनके साहस, नेतृत्व और समाज के प्रति समर्पण को याद किया।
सातवीं बरसी पर पुलिस विभाग ने साझा किया भावुक संदेश
हैरिस काउंटी शेरिफ कार्यालय ने सोशल मीडिया पोस्ट में संदीप सिंह धालीवाल को एक समर्पित पुलिस अधिकारी के साथ-साथ एक अच्छे पिता, पति और बेटे के रूप में याद किया।विभाग ने अपने संदेश में कहा कि संदीप सिंह धालीवाल को आज भी गहराई से याद किया जाता है और हैरिस काउंटी में उनके योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकेगा।
उनकी याद में जारी वीडियो में उनके पुलिस करियर और समुदाय के प्रति उनकी प्रतिबद्धता की झलक दिखाई गई है।
सिख धर्म के अनुरूप पगड़ी और दाढ़ी के साथ पुलिस सेवा करने वाले पहले अधिकारी
संदीप सिंह धालीवाल ने वर्ष 2015 में हैरिस काउंटी में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की थी। वह पहले ऐसे डिप्टी बने, जिन्हें सिख धर्म के अनुसार पगड़ी पहनने और दाढ़ी रखने के साथ पुलिस सेवा करने की अनुमति मिली।
उस समय हैरिस काउंटी के शेरिफ एड्रियन गार्सिया ने इस ऐतिहासिक नीति की घोषणा की थी। इस फैसले को अमेरिकी कानून प्रवर्तन एजेंसियों में धार्मिक स्वतंत्रता और समावेशिता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना गया।
संदीप सिंह ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया था कि पुलिस अधिकारी बनने के पीछे उनकी प्रेरणा क्या थी और अपने धर्म का पालन करते हुए समुदाय की सेवा करना उनके लिए कितना महत्वपूर्ण था।
2009 में शुरू किया था पुलिस विभाग में सफर
संदीप सिंह धालीवाल ने जनवरी 2009 में हैरिस काउंटी शेरिफ कार्यालय में डिटेंशन ऑफिसर के रूप में काम शुरू किया था। वर्ष 2010 में उन्होंने रिजर्व बेसिक पीस ऑफिसर कोर्स में दाखिला लिया और बाद में गश्ती अधिकारी बने।
अपने पूरे पुलिस करियर के दौरान उन्होंने हैरिस काउंटी के उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र में डिस्ट्रिक्ट-5 में सेवाएं दीं। इसी क्षेत्र में ड्यूटी के दौरान 2019 में उनकी हत्या कर दी गई थी।
ड्यूटी के दौरान गोली मारकर की गई थी हत्या
27 सितंबर 2019 को उत्तर-पश्चिमी हैरिस काउंटी में ट्रैफिक जांच के दौरान संदीप सिंह धालीवाल पर कई गोलियां चलाई गई थीं। गंभीर रूप से घायल होने के बाद उन्हें हेलीकॉप्टर से अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
उनके परिवार में पिता, पत्नी और तीन बच्चे हैं। उनकी शहादत के बाद अमेरिकी पुलिस विभाग और सिख समुदाय ने उन्हें श्रद्धांजलि दी थी।
DHS की AI पोस्ट को लेकर भी उठा था विवाद
संदीप सिंह धालीवाल को श्रद्धांजलि दिए जाने से कुछ दिन पहले अमेरिकी होमलैंड सिक्योरिटी विभाग (DHS) की एक AI से तैयार की गई सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर विवाद हुआ था।
इस पोस्ट में पगड़ी पहने एक सिख व्यक्ति को 'मिस्टर सिंह' के रूप में दिखाया गया था। तस्वीर के साथ अमेरिका से जुड़े विवादास्पद नारे भी लिखे गए थे। इस पोस्ट की सिख, पंजाबी-अमेरिकी और भारतीय-अमेरिकी संगठनों ने आलोचना की थी।
आलोचकों का कहना था कि 'सिंह' उपनाम का इस्तेमाल करके पूरे सिख समुदाय को एक नकारात्मक छवि में दिखाया गया। विवाद बढ़ने के बाद DHS ने पोस्ट हटा दी। विभाग ने कहा कि पोस्ट का संदर्भ फ्लोरिडा में एक जानलेवा ट्रक दुर्घटना के मामले में आरोपों का सामना कर रहे भारतीय नागरिक हरजिंदर सिंह से था।
Key Highlights:
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संदीप सिंह धालीवाल की सातवीं पुण्यतिथि पर हैरिस काउंटी शेरिफ कार्यालय ने श्रद्धांजलि दी।
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पुलिस विभाग ने उनके सम्मान में एक विशेष वीडियो और संदेश साझा किया।
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27 सितंबर 2019 को ड्यूटी के दौरान उनकी गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
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वर्ष 2015 में वह पगड़ी और दाढ़ी के साथ पुलिस सेवा करने की अनुमति पाने वाले पहले हैरिस काउंटी डिप्टी बने थे।
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उन्होंने जनवरी 2009 में पुलिस विभाग में अपना करियर शुरू किया था।
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उनके परिवार में पत्नी, पिता और तीन बच्चे हैं।
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DHS की विवादित AI पोस्ट हटाए जाने के बाद सिख संगठनों ने धार्मिक पहचान के चित्रण पर आपत्ति जताई थी।
FAQ Section:
1. संदीप सिंह धालीवाल कौन थे?
संदीप सिंह धालीवाल एक सिख-अमेरिकी पुलिस अधिकारी थे, जिन्होंने अमेरिका के टेक्सास स्थित हैरिस काउंटी शेरिफ कार्यालय में सेवाएं दी थीं।
2. संदीप सिंह धालीवाल की मृत्यु कब हुई थी?
27 सितंबर 2019 को ड्यूटी के दौरान ट्रैफिक जांच करते समय गोली लगने से उनकी मृत्यु हो गई थी।
3. संदीप सिंह धालीवाल ने कौन-सी ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की थी?
वर्ष 2015 में वह हैरिस काउंटी के पहले ऐसे डिप्टी बने, जिन्हें सिख धर्म के अनुसार पगड़ी पहनने और दाढ़ी रखने के साथ पुलिस सेवा करने की अनुमति मिली।
4. संदीप सिंह धालीवाल को सातवीं बरसी पर किसने श्रद्धांजलि दी?
हैरिस काउंटी शेरिफ कार्यालय ने सोशल मीडिया पर वीडियो और संदेश जारी कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
5. DHS की AI पोस्ट को लेकर क्या विवाद हुआ था?
DHS की एक AI-निर्मित पोस्ट में पगड़ी पहने व्यक्ति को 'मिस्टर सिंह' के रूप में दिखाया गया था। इसके साथ विवादित नारे भी थे। सिख संगठनों ने इस चित्रण पर आपत्ति जताई, जिसके बाद विभाग ने पोस्ट हटा दी।
Conclusion:
संदीप सिंह धालीवाल का जीवन अमेरिकी पुलिस सेवा में धार्मिक स्वतंत्रता और समुदाय के प्रति समर्पण का एक महत्वपूर्ण उदाहरण रहा। वर्ष 2015 में पगड़ी और दाढ़ी के साथ पुलिस सेवा करने की अनुमति मिलने से उन्होंने एक ऐतिहासिक पहचान बनाई। ड्यूटी के दौरान उनकी शहादत के सात साल बाद भी हैरिस काउंटी शेरिफ कार्यालय उन्हें याद कर रहा है। उनकी सेवाओं और योगदान को श्रद्धांजलि के माध्यम से एक बार फिर सम्मान दिया गया है।
