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क्रॉस-वोटिंग के बावजूद कांग्रेस उम्मीदवार करमवीर बौद्ध की जीत
5 विधायकों ने किया क्रॉस-वोट, 4 वोट अमान्य; दोषियों पर जल्द कार्रवाई के संकेत
हरियाणा राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस को क्रॉस-वोटिंग और अमान्य वोटों का नुकसान हुआ, लेकिन इसके बावजूद पार्टी उम्मीदवार करमवीर बौद्ध ने मामूली अंतर से जीत हासिल की।
हरियाणा के हालिया राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस के पांच विधायकों ने निर्दलीय उम्मीदवार सतीश नांदल के पक्ष में क्रॉस-वोटिंग की, जबकि पार्टी के चार वोट अमान्य घोषित कर दिए गए। इन झटकों के बावजूद कांग्रेस उम्मीदवार करमवीर सिंह बौद्ध ने बेहद मामूली अंतर से जीत हासिल कर ली।
पूरे दिन पार्टी के नेता क्रॉस-वोटिंग करने वाले विधायकों के नामों पर चुप्पी साधे रहे। केवल नेता प्रतिपक्ष भूपिंदर सिंह हुड्डा और प्रदेश प्रभारी बीके हरिप्रसाद को ही नामों की जानकारी है। ये नाम हुड्डा खेमे के विधायकों के बीच चर्चा में रहे और वहीं से सोशल मीडिया पर भी सामने आने लगे, लेकिन अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।
हरियाणा कांग्रेस अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह ने संपर्क करने पर बताया,
“हमने नाम हाईकमान को भेज दिए हैं। जल्द ही उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।”
उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि प्रदेश इकाई के कार्यकारी अध्यक्ष राम किशन गुर्जर ने इस्तीफा दे दिया है, जो नारायणगढ़ से दो बार विधायक रहीं शैली चौधरी के पति हैं।
राज्यसभा चुनाव में ओपन बैलेट सिस्टम होता है। ऐसे में क्रॉस-वोटिंग करने पर विधायक को विधानसभा से अयोग्य नहीं ठहराया जा सकता, लेकिन उन्हें अपने मतपत्र अधिकृत एजेंट को दिखाने होते हैं। कांग्रेस के मामले में भूपिंदर सिंह हुड्डा ने सभी मतपत्र देखे थे, लेकिन मीडिया से बातचीत में उन्होंने नाम उजागर नहीं किए।
कांग्रेस के चार वोट अमान्य घोषित किए गए। टोहाना विधायक परमवीर सिंह का वोट गोपनीयता के उल्लंघन के आरोप में रद्द कर दिया गया, जबकि बाकी तीन मतपत्रों पर बिंदु (डॉट) बने होने के कारण उन्हें अमान्य माना गया।
रिटर्निंग ऑफिसर (RO) ने कहा,
“हमने नियमों के अनुसार पूरी निष्पक्षता और पारदर्शिता से कार्य किया।”
कांग्रेस उम्मीदवार के काउंटिंग एजेंट बीबी बत्रा ने नियमों का हवाला देते हुए कहा,
“सुप्रीम कोर्ट ने ‘श्रद्धा देवी बनाम कृष्ण चंद्र पंत’ मामले में कहा है कि मतपत्र पर ऐसा कोई निशान या लिखावट, जिससे मतदाता की पहचान का संकेत मिले, उसे अमान्य माना जाएगा।”
