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Asian Games 2026: पंजाब का प्रदर्शन फीका, हरियाणा ने 25 पदकों के साथ बनाई बड़ी बढ़त
अमृतसर के हरमनप्रीत सिंह और मोगा की हरमनप्रीत कौर की अगुवाई में हॉकी और क्रिकेट ने बचाई पंजाब की पदक उम्मीदें
एशियन गेम्स 2026 में पंजाब के 27 खिलाड़ियों ने 9 पदक जीते, जबकि हरियाणा के 80 खिलाड़ियों ने भारत की पदक तालिका में 25 पदकों का योगदान दिया। पंजाब का प्रदर्शन 2022 के 19 पदकों की तुलना में काफी कम रहा।
एशियन गेम्स 2026 में पंजाब के प्रदर्शन में 2022 के मुकाबले गिरावट देखने को मिली। हांगझोउ एशियन गेम्स 2022 में पंजाब के खिलाड़ियों ने रिकॉर्ड 19 पदक, जिनमें 8 स्वर्ण शामिल थे, जीतकर राज्य का नाम रोशन किया था। वहीं जापान के आइची-नागोया में आयोजित 2026 एशियन गेम्स में पंजाब की पदक संख्या घटकर 9 रह गई।
हालांकि, हॉकी और महिला क्रिकेट ने पंजाब की पदक उम्मीदों को बरकरार रखा। इन दोनों टीमों में क्रमशः अमृतसर के हरमनप्रीत सिंह और मोगा की हरमनप्रीत कौर ने नेतृत्व की भूमिका निभाई।
पंजाब के 8 खिलाड़ियों ने दिलाए पदक
एशियन गेम्स 2026 में पंजाब के आठ खिलाड़ियों ने व्यक्तिगत या टीम स्पर्धाओं में पदक जीतकर राज्य की मौजूदगी दर्ज कराई। इनमें अलग-अलग खेलों के खिलाड़ी शामिल रहे।पंजाब के पदक विजेता खिलाड़ियों में शामिल रहे:
- मानसा के तजिंदरपाल सिंह तूर
- जालंधर के गुरिंदरवीर सिंह
- मानसा के सतनाम सिंह
- पटियाला की परीनाज धालीवाल
- बठिंडा के भवतेग सिंह गिल
- अमृतसर के हरमनप्रीत सिंह
- मोगा की हरमनप्रीत कौर
- जालंधर के दिलप्रीत सिंह
तजिंदरपाल तूर को 17 सेंटीमीटर से चूका स्वर्ण
शॉट पुट में तजिंदरपाल सिंह तूर ने रजत पदक हासिल किया। हालांकि, वह स्वर्ण पदक से बेहद करीब रह गए। तूर ने अपनी निराशा व्यक्त करते हुए कहा कि उनका लक्ष्य स्वर्ण पदक था, लेकिन वह महज 17 सेंटीमीटर के अंतर से चूक गए।
गुरिंदरवीर सिंह ने रिले में जीता कांस्य
जालंधर के धावक गुरिंदरवीर सिंह 100 मीटर के सेमीफाइनल में पदक की दौड़ से बाहर हो गए थे। हालांकि, उन्होंने रिले स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर वापसी की।
उन्होंने कहा कि जरूरत से ज्यादा सोचने और तनाव लेने से खिलाड़ी अपनी क्षमता के अनुरूप प्रदर्शन नहीं कर पाता। उनके अनुसार, दौड़ में कोई बड़ी तकनीकी कमी नहीं थी, लेकिन मानसिक तैयारी भी प्रदर्शन का अहम हिस्सा है। रिले पदक ने उनके ऊपर बना दबाव कम करने में मदद की।
शूटिंग और रोइंग में भी पंजाब को पदक
सतनाम सिंह ने रोइंग में कांस्य पदक जीता। वहीं शूटिंग में पटियाला की परीनाज धालीवाल और बठिंडा के भवतेग सिंह गिल ने स्कीट स्पर्धाओं में कांस्य पदक अपने नाम किए।
हालांकि, 2022 में शानदार प्रदर्शन करने वाले पंजाब के कुछ अन्य खिलाड़ी इस बार पोडियम तक नहीं पहुंच सके।
पंजाब के लिए हॉकी और क्रिकेट रहे अहम
पंजाब के पूर्व हॉकी ओलंपियन हरदीप सिंह ने राज्य के खेल ढांचे और खिलाड़ियों को मिलने वाले लंबे समय के समर्थन पर सवाल उठाए। उनके अनुसार, किसी खिलाड़ी को पदक की दावेदारी तक पहुंचने के लिए वर्षों तक निरंतर सरकारी सहयोग की जरूरत होती है।
उन्होंने कहा कि एथलेटिक्स से पंजाब को उम्मीदें थीं, लेकिन अपेक्षित नतीजे नहीं आए। उनके मुताबिक हॉकी और क्रिकेट जैसे टीम खेलों ने पंजाब के खिलाड़ियों के लिए पदक हासिल करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
खेल प्रतिभा की पहचान और प्रशिक्षण पर उठे सवाल
हरदीप सिंह ने राज्य में प्रतिभाओं की पहचान और उन्हें लंबे समय तक तैयार करने की प्रक्रिया को लगातार मजबूत करने की जरूरत बताई।
उन्होंने कोचों की जवाबदेही पर भी जोर देते हुए कहा कि जिस तरह सरकारी अधिकारियों और शिक्षकों की जवाबदेही तय होती है, उसी तरह कोचों के योगदान का भी आकलन होना चाहिए।
विदेश जाने से प्रतिभाओं को हो रहा नुकसान?
कुछ पूर्व खिलाड़ियों ने कहा कि पंजाब के युवाओं का पारंपरिक रूप से टीम खेलों की ओर ज्यादा रुझान रहा है। हालांकि, हाल के वर्षों में एथलेटिक्स जैसे व्यक्तिगत खेलों में भी प्रतिभाएं सामने आई हैं।
उनका कहना था कि कई प्रतिभाशाली युवा बेहतर अवसरों की तलाश में विदेश चले जाते हैं, क्योंकि उन्हें राज्य में अपनी प्रतिभा के आधार पर आगे बढ़ने के लिए अनुकूल माहौल नहीं मिल पाता।
हरियाणा ने पंजाब से ज्यादा पदक जीते
एशियन गेम्स 2026 में हरियाणा और पंजाब के प्रदर्शन में बड़ा अंतर देखने को मिला। हरियाणा के 80 खिलाड़ियों ने भारत की पदक तालिका में 25 पदकों का योगदान दिया, जबकि पंजाब के 27 खिलाड़ियों ने 9 पदक जीते।
हरियाणा की सफलता में कुश्ती और बॉक्सिंग जैसे व्यक्तिगत खेलों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। हरियाणा के 25 पदकों में केवल एक पदक टीम खेल से आया।
इसके विपरीत पंजाब के खिलाड़ियों को हॉकी और क्रिकेट जैसे टीम खेलों में प्रमुख सफलता मिली।
2022 से 2026 तक पंजाब के प्रदर्शन में बदलाव
2022 में पंजाब के खिलाड़ियों ने 19 पदक जीते थे, जिनमें 8 स्वर्ण पदक शामिल थे। 2026 में यह संख्या घटकर 9 पदक रह गई।
यह आंकड़ा राज्य के खेल ढांचे, प्रतिभा पहचान, प्रशिक्षण और खिलाड़ियों को लंबे समय तक मिलने वाले समर्थन को लेकर चर्चा को फिर सामने लाता है।
Key Highlights:
- पंजाब ने एशियन गेम्स 2026 में 9 पदक जीते।
- 2022 में पंजाब ने रिकॉर्ड 19 पदक, जिसमें 8 स्वर्ण शामिल थे, जीते थे।
- पंजाब के 27 खिलाड़ियों ने इस बार पदक तालिका में योगदान दिया।
- तजिंदरपाल सिंह तूर ने शॉट पुट में रजत पदक जीता।
- गुरिंदरवीर सिंह ने रिले में कांस्य पदक हासिल किया।
- सतनाम सिंह ने रोइंग में कांस्य जीता।
- परीनाज धालीवाल और भवतेग सिंह गिल ने स्कीट में कांस्य पदक जीते।
- हरियाणा के 80 खिलाड़ियों ने कुल 25 पदक जीते।
- हरियाणा की सफलता में कुश्ती और बॉक्सिंग जैसे व्यक्तिगत खेलों का बड़ा योगदान रहा।
- पंजाब की प्रमुख सफलताएं हॉकी और क्रिकेट जैसे टीम खेलों में रहीं।
FAQ Section:
एशियन गेम्स 2026 में पंजाब ने कितने पदक जीते?
पंजाब के खिलाड़ियों ने एशियन गेम्स 2026 में कुल 9 पदक जीते।
2022 एशियन गेम्स में पंजाब ने कितने पदक जीते थे?
हांगझोउ एशियन गेम्स 2022 में पंजाब के खिलाड़ियों ने 19 पदक जीते थे, जिनमें 8 स्वर्ण पदक शामिल थे।
पंजाब के किन खिलाड़ियों ने 2026 एशियन गेम्स में पदक जीते?
तजिंदरपाल सिंह तूर, गुरिंदरवीर सिंह, सतनाम सिंह, परीनाज धालीवाल, भवतेग सिंह गिल, हरमनप्रीत सिंह, हरमनप्रीत कौर और दिलप्रीत सिंह पंजाब की ओर से पदक जीतने वाले खिलाड़ियों में शामिल रहे।
2026 एशियन गेम्स में पंजाब और हरियाणा का प्रदर्शन कैसा रहा?
दिए गए आंकड़ों के अनुसार, पंजाब के 27 खिलाड़ियों ने 9 पदक जीते, जबकि हरियाणा के 80 खिलाड़ियों ने 25 पदक जीते।
पंजाब के लिए किन खेलों में सफलता मिली?
पंजाब को हॉकी और महिला क्रिकेट जैसे टीम खेलों के अलावा शॉट पुट, रिले, रोइंग और शूटिंग में भी पदक मिले।
Conclusion:
एशियन गेम्स 2026 में पंजाब के खिलाड़ियों ने हॉकी, क्रिकेट, एथलेटिक्स, रोइंग और शूटिंग सहित कई खेलों में पदक जीतकर राज्य की मौजूदगी दर्ज कराई, लेकिन 2022 के 19 पदकों के मुकाबले इस बार कुल संख्या 9 रही। दूसरी ओर, हरियाणा के खिलाड़ियों ने 25 पदकों के साथ मजबूत प्रदर्शन किया। पंजाब के पूर्व खिलाड़ियों और खेल विशेषज्ञों की टिप्पणियां प्रतिभा पहचान, प्रशिक्षण, कोचिंग और खिलाड़ियों को लंबे समय तक समर्थन देने की जरूरत की ओर इशारा करती हैं।

