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जलवायु परिवर्तन देश के सामने सबसे बड़ी चुनौती, युवाओं को पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेना चाहिए: संत बलबीर सिंह सीचेवाल
राष्ट्रीय युवा शिविर में बोले राज्यसभा सांसद, प्राकृतिक जल स्रोतों के संरक्षण और वृक्षारोपण पर दिया जोर
राज्यसभा सांसद और पर्यावरणविद् संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने पालमपुर में आयोजित राष्ट्रीय युवा शिविर को संबोधित करते हुए युवाओं से जलवायु परिवर्तन और ग्लोबल वार्मिंग के प्रति जागरूक रहने का आह्वान किया। उन्होंने प्राकृतिक जल स्रोतों के संरक्षण और अधिक से अधिक वृक्षारोपण पर बल दिया।
राष्ट्रीय युवा शिविर में संत सीचेवाल का पर्यावरण संरक्षण पर जोर
राज्यसभा सांसद एवं प्रसिद्ध पर्यावरणविद् संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने कहा कि ग्लोबल वार्मिंग और जलवायु परिवर्तन आज देश और दुनिया के सामने सबसे बड़ी चुनौतियों में शामिल हैं। उन्होंने युवाओं से बदलते मौसम और पर्यावरणीय संकट के प्रति जागरूक रहने तथा प्रकृति के संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की।
वह हिमाचल प्रदेश के पालमपुर स्थित साई-साई विश्वविद्यालय में नेशनल यूथ प्रोजेक्ट द्वारा आयोजित राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता युवा शिविर को संबोधित कर रहे थे।
22 राज्यों से पहुंचे युवाओं को बताया 'मिनी इंडिया'
संत सीचेवाल ने शिविर में भाग लेने आए 22 राज्यों के युवाओं को संबोधित करते हुए उन्हें "मिनी इंडिया" की संज्ञा दी।उन्होंने कहा कि युवावस्था जीवन का ऐसा दौर है, जब व्यक्ति को अपने भविष्य के साथ-साथ समाज और देश के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को भी समझना चाहिए।
कृषि पर सबसे अधिक असर डाल रहा है जलवायु परिवर्तन
उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन और ग्लोबल वार्मिंग का सबसे अधिक प्रभाव कृषि क्षेत्र पर पड़ रहा है। यदि समय रहते पर्यावरण संरक्षण के प्रभावी कदम नहीं उठाए गए, तो भविष्य में गंभीर प्राकृतिक आपदाओं का सामना करना पड़ सकता है।
संत सीचेवाल ने कहा कि जल प्रत्येक नागरिक का मूल अधिकार है और इसके संरक्षण की जिम्मेदारी सभी की है।
जल संरक्षण और वृक्षारोपण का लिया जाए संकल्प
उन्होंने युवाओं से अपने-अपने राज्यों में लौटकर प्राकृतिक जल स्रोतों के संरक्षण और सार्वजनिक स्थानों पर अधिक से अधिक वृक्ष लगाने का संकल्प लेने का आह्वान किया।
उनका कहना था कि सामूहिक प्रयासों से ही पर्यावरण को सुरक्षित और आने वाली पीढ़ियों के लिए बेहतर बनाया जा सकता है।
अंतरराष्ट्रीय घटनाओं पर भी व्यक्त किए विचार
अपने संबोधन के दौरान संत सीचेवाल ने अमेरिका, ईरान और इज़राइल से जुड़े हालिया अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों पर भी अपनी राय व्यक्त की।
उन्होंने अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से जुड़े हमलों और ईरान में हुई घटनाओं पर कड़ी आलोचना व्यक्त करते हुए कहा कि निर्दोष लोगों और बच्चों पर हमले मानवता के विरुद्ध हैं।
नोट: अंतरराष्ट्रीय घटनाओं पर व्यक्त विचार संत बलबीर सिंह सीचेवाल के निजी बयान हैं। इस समाचार में इन दावों का स्वतंत्र सत्यापन प्रस्तुत नहीं किया गया है।
Key Highlights
- संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने जलवायु परिवर्तन को बड़ी चुनौती बताया।
- पालमपुर में राष्ट्रीय युवा शिविर को किया संबोधित।
- युवाओं से जल संरक्षण और वृक्षारोपण का संकल्प लेने की अपील।
- बदलते मौसम का कृषि पर गंभीर प्रभाव होने की बात कही।
- अंतरराष्ट्रीय घटनाओं पर भी अपने विचार व्यक्त किए।
FAQ Section
Q1. संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने युवाओं से क्या अपील की?
Answer: उन्होंने युवाओं से प्राकृतिक जल स्रोतों का संरक्षण करने और अधिक से अधिक वृक्षारोपण करने की अपील की।
Q2. यह कार्यक्रम कहां आयोजित किया गया था?
Answer: यह कार्यक्रम हिमाचल प्रदेश के पालमपुर स्थित साई-साई विश्वविद्यालय में आयोजित किया गया।
Q3. उन्होंने जलवायु परिवर्तन को लेकर क्या कहा?
Answer: उन्होंने कहा कि ग्लोबल वार्मिंग और जलवायु परिवर्तन देश और दुनिया के सामने सबसे बड़ी चुनौतियों में से हैं और इनसे कृषि सहित कई क्षेत्रों पर गंभीर प्रभाव पड़ रहा है।
Conclusion
पालमपुर में आयोजित राष्ट्रीय युवा शिविर में संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने पर्यावरण संरक्षण, जल बचाने और वृक्षारोपण को जन आंदोलन बनाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने युवाओं से प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी निभाने का आह्वान किया ताकि भविष्य की पीढ़ियों के लिए सुरक्षित और संतुलित पर्यावरण सुनिश्चित किया जा सके।

