- Hindi News
- राज्य
- हरियाणा
- कुरुक्षेत्र में पुजारी से मारपीट के बाद प्रशासन की बड़ी कार्रवाई, आरोपी के घर और दरगाह की अवैध दीवार...
कुरुक्षेत्र में पुजारी से मारपीट के बाद प्रशासन की बड़ी कार्रवाई, आरोपी के घर और दरगाह की अवैध दीवारें हटाईं
अधोनी गांव में ग्राम पंचायत की 'फिरनी' पर बने अतिक्रमण पर चला बुलडोजर, भारी पुलिस बल की मौजूदगी में शांतिपूर्ण ढंग से पूरी हुई कार्रवाई।
कुरुक्षेत्र के अधोनी गांव में मंदिर के पुजारी से मारपीट की घटना के कुछ दिनों बाद जिला प्रशासन ने आरोपी से जुड़े अवैध निर्माणों पर कार्रवाई की। प्रशासन ने गांव की फिरनी पर बने कथित अतिक्रमण को हटाते हुए दरगाह की दीवार और मकान के एक हिस्से को ध्वस्त कर ग्राम पंचायत को भूमि सौंप दी।
पुजारी से मारपीट मामले के बाद अधोनी गांव में अतिक्रमण पर प्रशासन की कार्रवाई
हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले के अधोनी गांव में मंदिर के पुजारी से मारपीट की घटना के बाद जिला प्रशासन ने सोमवार को कथित अवैध निर्माणों के खिलाफ कार्रवाई की। प्रशासन ने गांव की 'फिरनी' (सार्वजनिक पंचायत भूमि) पर बने अतिक्रमण को हटाते हुए आरोपी पंकज के मकान की सीमा दीवार और उससे जुड़ी एक दरगाह की चारदीवारी के हिस्से को ध्वस्त कर दिया।
कार्रवाई के दौरान किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। प्रशासन के अनुसार पूरी कार्रवाई शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुई।
9 जुलाई को पुजारी से मारपीट का मामला आया था सामने
जानकारी के अनुसार, 9 जुलाई को गांव के मंदिर के पुजारी योगीराज गिरी के साथ कथित तौर पर मारपीट की गई थी। इस मामले में पंकज, उसकी पत्नी मनप्रीत और इंद्रा राम को आरोपी बनाया गया था।पुलिस के अनुसार, तीनों आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है और मामले की जांच जारी है।
मंदिर के सामने है आरोपी का घर
बताया गया कि आरोपी पंकज का घर मंदिर के ठीक सामने स्थित है। उसके घर के पीछे 'नकोदर पीर' के नाम से एक दरगाह बनाई गई थी, जहां वह स्वयं को सेवादार बताता था।
समाचार के अनुसार, पंकज और मंदिर के पुजारी के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। आरोप है कि उसने पहले भी पुजारी को धमकियां दी थीं।
प्रशासन ने हटाया फिरनी पर बना अतिक्रमण
कार्रवाई के दौरान प्रशासन ने गांव की फिरनी पर बने कथित अवैध निर्माणों को हटाया। इसमें दरगाह का मुख्य गेट, सीमा दीवार तथा मकान की वह दीवार शामिल थी जो पंचायत भूमि पर बनी बताई गई।
BDPO ने क्या कहा?
थानेसर के ब्लॉक डेवलपमेंट एंड पंचायत अधिकारी (BDPO) अमित कुमार, जो इस कार्रवाई के दौरान ड्यूटी मजिस्ट्रेट भी थे, ने बताया कि प्रशासन ने निर्धारित आदेशों के अनुसार पुलिस की मौजूदगी में अतिक्रमण हटाया और संबंधित भूमि ग्राम पंचायत को सौंप दी।
परिजनों ने कार्रवाई पर उठाए सवाल
आरोपी पंकज के परिजनों ने प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठाए। उनका कहना है कि यदि यह अतिक्रमण हटाने का अभियान था तो गांव में अन्य स्थानों पर मौजूद कथित अतिक्रमणों पर भी समान कार्रवाई की जानी चाहिए थी।
परिवार ने रखी अपनी बात
पंकज की मां परमजीत कौर ने दावा किया कि संबंधित निर्माण उनकी भूमि पर था और केवल उनके घर को निशाना बनाया गया। वहीं पंकज की सास ने कहा कि उनकी बेटी मनप्रीत को भी गिरफ्तार किया गया है, जबकि उनका आरोप है कि वह मारपीट की घटना में शामिल नहीं थी। उन्होंने उसकी रिहाई की मांग भी की।
पुलिस का बयान
थानेसर सदर थाना प्रभारी रणधीर सिंह ने बताया कि प्रशासन के अनुरोध पर पुलिस बल तैनात किया गया था और अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से पूरी हुई। उन्होंने यह भी पुष्टि की कि पुजारी से मारपीट के मामले में तीनों आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है।
Key Highlights:
- कुरुक्षेत्र के अधोनी गांव में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई।
- आरोपी पंकज के मकान और दरगाह की सीमा दीवार का हिस्सा हटाया गया।
- कार्रवाई गांव की फिरनी पर कथित अतिक्रमण हटाने के लिए की गई।
- 9 जुलाई को मंदिर के पुजारी से मारपीट का मामला दर्ज हुआ था।
- मामले में पंकज, उसकी पत्नी और एक अन्य आरोपी पहले ही गिरफ्तार।
- भारी पुलिस बल की मौजूदगी में शांतिपूर्ण तरीके से कार्रवाई पूरी हुई।
FAQ Section
प्रश्न 1: प्रशासन ने किस कारण कार्रवाई की?
प्रशासन के अनुसार, गांव की फिरनी (पंचायत भूमि) पर बने कथित अतिक्रमण को हटाने के लिए कार्रवाई की गई।
प्रश्न 2: यह मामला किस घटना से जुड़ा है?
यह कार्रवाई 9 जुलाई को मंदिर के पुजारी योगीराज गिरी से हुई कथित मारपीट की घटना के कुछ दिनों बाद की गई।
प्रश्न 3: किन लोगों को गिरफ्तार किया गया है?
पुलिस के अनुसार, पंकज, उसकी पत्नी मनप्रीत और इंद्रा राम को मारपीट मामले में गिरफ्तार किया जा चुका है।
प्रश्न 4: परिजनों ने क्या आरोप लगाए हैं?
परिजनों का कहना है कि कार्रवाई केवल उनके घर तक सीमित रही, जबकि गांव में अन्य स्थानों पर भी कथित अतिक्रमण मौजूद हैं।
Conclusion
अधोनी गांव में पुजारी से मारपीट के मामले के बाद प्रशासन की अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई ने स्थानीय स्तर पर नई चर्चा छेड़ दी है। प्रशासन का कहना है कि यह अभियान पंचायत भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए था, जबकि आरोपी पक्ष ने कार्रवाई की निष्पक्षता पर सवाल उठाए हैं। मामले में पुलिस जांच और कानूनी प्रक्रिया जारी है।

