- Hindi News
- राज्य
- हरियाणा
- गुरुग्राम में वर्चुअल सिम बॉक्स चलाकर साइबर ठगी में मदद करने वाली महिला गिरफ्तार
गुरुग्राम में वर्चुअल सिम बॉक्स चलाकर साइबर ठगी में मदद करने वाली महिला गिरफ्तार
आई4सी के साथ संयुक्त कार्रवाई में नागालैंड की महिला पकड़ी गई, चीन-आधारित ठगों को देती थी कॉलिंग सपोर्ट
Gurugram पुलिस ने Indian Cyber Crime Coordination Centre (I4C) के साथ संयुक्त अभियान में नागालैंड की एक महिला को गिरफ्तार किया है, जो कथित रूप से चीन-आधारित साइबर ठगों के लिए वर्चुअल सिम बॉक्स संचालित कर रही थी।
गुरुग्राम पुलिस ने गृह मंत्रालय के अधीन कार्यरत Indian Cyber Crime Coordination Centre (I4C) के साथ मिलकर संयुक्त अभियान चलाया और एक महिला को गिरफ्तार किया, जो कथित रूप से चीन मूल के साइबर ठगों को कॉलिंग सपोर्ट दे रही थी।
पुलिस के अनुसार, सेक्टर-28 स्थित किराए के मकान से सात मोबाइल फोन (तीन स्मार्टफोन, एक कीपैड फोन और तीन क्षतिग्रस्त हैंडसेट), एक वाई-फाई मॉडम, तीन सिम कार्ड और एक क्षतिग्रस्त लैपटॉप बरामद किया गया।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि आरोपी महिला और उसका पति सेक्टर-28, गुरुग्राम स्थित किराए के आवास में वर्चुअल सिम बॉक्स स्थापित कर साइबर ठगी में सहयोग कर रहे थे। यह अवैध सेटअप समानांतर टेलीफोन एक्सचेंज की तरह कार्य कर रहा था, जिसके जरिए गेमिंग फ्रॉड, निवेश ठगी और डिजिटल अरेस्ट स्कैम जैसे अपराधों के लिए भारतीय नागरिकों को निशाना बनाया जा रहा था।
10 फरवरी को साइबर पुलिस स्टेशन (पूर्व) को सूचना मिली थी कि एक दंपती ने सेक्टर-28 के एक फ्लैट में वर्चुअल सिम बॉक्स लगाकर अवैध गतिविधियां शुरू की हैं। सूचना के आधार पर पुलिस ने I4C के समन्वय से छापेमारी की।
एसीपी (साइबर) Priyanshu Dewan के नेतृत्व में टीम ने मौके पर छापा मारा। इमारत की चौथी मंजिल पर किराए के फ्लैट में तीन मोबाइल फोन सक्रिय अवस्था में मिले, जो स्वचालित रूप से अलग-अलग भारतीय नंबरों पर कॉल कर रहे थे। कॉल कटते ही डिवाइस तुरंत दूसरा नंबर डायल कर रहा था। स्क्रीन पर “VDMS Apk App” प्रदर्शित हो रहा था।
मौके से पकड़ी गई महिला की पहचान कुंग पनमे (30) निवासी दीमापुर, नागालैंड के रूप में हुई, जो वर्तमान में सेक्टर-28, गुरुग्राम में रह रही थी। पूछताछ में उसने खुलासा किया कि उसने अपने पति के साथ मिलकर चीन-आधारित साइबर ठगों के कहने पर वर्चुअल सिम बॉक्स लगाया था और वाई-फाई के माध्यम से नेटवर्क उपलब्ध कराती थी। उसका काम मोबाइल फोन को लगातार चार्ज और नेटवर्क से कनेक्टेड रखना था।
पुलिस के अनुसार, इस वर्चुअल सिम बॉक्स के जरिए चीन में बैठे साइबर ठग भारतीय नागरिकों को कॉल कर डिजिटल अरेस्ट, गेमिंग फ्रॉड और निवेश ठगी जैसे अपराध अंजाम देते थे। इसके बदले आरोपी महिला के पति को कमीशन मिलता था।
पुलिस ने मामले की गहन जांच शुरू कर दी है और अन्य संभावित आरोपियों की तलाश की जा रही है।
